नहटौर में बसों व यात्रियों के बिना सूना रोडवेज बस स्टैंड।
चौराहों पर खड़े यात्री दौड़ते रहते बसों के पीछे, बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों का आती मुश्किलें
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संवाद न्यूज एजेंसी
नहटौर। रोडवेज बस अड्डे पर बसें नहीं जातीं और बाहर से गुजर रही है। इसके कारण चौराहों पर इंतजार में खड़े यात्री बसों के पीछे दौड़ते रहते हैं। बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को बस में चढ़ने के लिए काफी दिक्कतें उठानी पड़ती हैं।
उत्तराखंड से नजीबाबाद नहटौर से होती हुई रोडवेज की बसें मुरादाबाद की ओर जाती हैं, इसी तरह वावस आती हैं। नहटौर में करीब 50 वर्ष पूर्व रोडवेज बस अड्डे का निर्माण कराया गया। एक समय था जब यह बस अड्डा यात्रियों से खचाखच भरा रहता था। रोडवेज की बसों की लाइन यहां लगी रहती थी, परंतु अब यहां न बस दिखाई देती है और न ही यात्री। नगर निवासी धनंजय चौधरी बताते हैं कि नहटौर से होकर गुजरने वाली रोडवेज की बसें बस अड्डे तक पहुंची चाहिए। चौधरी लोकेंद्र सिंह का कहना है कि बस अड्डे के आस-पास खड़े डग्गामार वाहन चालक यात्रियों से मनमाना किराया वसूलते हैं। अगर रोडवेज की बसें बस अड्डे तक पहुंचें तो यात्रियों राहत मिलेंगी। पूर्व सैनिक कमल राठी का कहना है कि यह एक बहुत बड़ी विडंबना है कि लाखों की लागत से बना रोडवेज बस स्टैंड सूना पड़ा हुआ है। यहां बस पहुंचे तो यात्रियों को बैठने, पूछताछ केंद्र आदि की भी सुविधा मिलेगी।
व्यापारी कपिल शर्मा कहते हैं कि रोडवेज की बसें चौराहों से ही गुजर जाती हैं। बच्चों व बुजुर्गों को बहुत परेशानी होती है। इससे परिवहन निगम को भी नुकसान हो रहा है। एआरएम बिजनौर धीरज सिंह पंवार का कहना है कि नहटौर से गुजरने वाली रोडवेज की बसों को बस स्टैंड पर रुकवाया जाएगा। परिवहन विभाग की ओर से यात्रियों को असुविधा नहीं होने दी जाएगी।