नजीबाबाद क्षेत्र में काशीपुर-हरिद्वार फोरलेन का निर्माण कार्य 2024 तक पूरा करने का लक्ष्य
- 15 दिन में पूरा हो जाएगा फोरलेन पुल तक पहुंच मार्ग का कार्य
संवाद न्यूज एजेंसी
भागूवाला/नजीबाबाद। कोटावाली नदी पर काशीपुर-हरिद्वार फोरलेन मार्ग का पुल बनकर तैयार हो गया है। पुल को फोरलेन से जोड़ने के लिए पहुंच मार्ग निर्माण कार्य तेजी से किया जा रहा है। पहुंच मार्ग बनते ही पुल से वाहनों का आवागमन शुरू हो जाएगा।
भागूवाला की कोटावाली नदी पर वर्ष 2001 में पुल बनाया गया था, लेकिन वर्ष 2017 में इस पुल के तीन पिलर अचानक दरक गए थे। इस कारण पुल से भारी वाहनों की आवाजाही को बंद कर दिया गया। एनएचए ने कोटावाली नदी में रपटा बनाकर भारी वाहनों आवागमन शुरू कराया था। पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश होने से कोटावाली नदी में पानी आ जाता है, जिस कारण नदी रपटे से वाहनों का आवागमन थम हो जाता है।
काशीपुर-हरिद्वार फोरलेन हाईवे का निर्माण शुरू होने से कोटावाली नदी पर फोरलेन पुल बनाने का निर्माण कार्य शुरू हुआ, जो पूरा हो गया है। पुल को हाइवे से जोड़ने के लिए पहुंच मार्ग का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। नजीबाबाद क्षेत्र में वर्ष 2024 तक काशीपुर-हरिद्वार फोरलेन का निर्माण पूरा होेने की उम्मीद है।
भारी वाहनों और रोडवेज बसों को आवागमन होगी सुविधा
कोटावाली नदी पर बने फोरलेन पुल के निर्माण से भारी वाहनों और रोडवेज बसों को आवागमन में सुविधा मिलेगी। दरअसल, पुराने पुल के पिलर दरक जाने से भारी वाहनों और रोडवेज बसों का आवागमन कोटावाली नदी रपटे से होता है। कोटावाली नदी में पानी आने पर भारी वाहनों और रोडवेज बसों को घंटों इंतजार करना पड़ता था, जबकि दोपहिया और छोटे वाहन पुराने पुल से आवाजाही करते थे।
कोटावाली नदी रपटे पर फंस जाते हैं यात्री वाहन
कोटावाली नदी रपटे पर पानी आने से जुलाई माह में तीन यात्रियों से भरी बसें फंस गई थीं। यात्री से भरी बस नदी क्षेत्र में फंस जाने से प्रशासन में हड़कंप मच गया था। उस दौरान बसों के यात्रियों को रेस्क्यू करके बाहर निकाला गया था।
कोटावाली नदी पर पुल बनकर तैयार हो गया है। पहुंच मार्ग का निर्माण कार्य तेजी से कराया जा रहा है, जो 15 दिन के भीतर पूरा कर लिया जाएगा। जल्द ही पुल से वाहनों का आवागमन शुरू कराया जाएगा। - राजकुमार नागरवाल, परियोजना निदेशक, एनएचएआई