चांदपुर पकड़ा गया आरोपी कांस्टेबिल राजन।
चांदपुर (बिजनौर)। बकरी चोरी के मामले में पूछताछ के लिए हिरासत में लिए गए दो युवकों को छोड़ने की एवज में 50-50 हजार रुपये मांगना एक सिपाही और चौकी प्रभारी को भारी पड़ गया। जलीलपुर चौकी पर तैनात सिपाही के खिलाफ केस दर्ज करते हुए गिरफ्तार कर लिया गया है। सिपाही का चालान कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। उधर एसपी ने सिपाही को निलंबित कर दिया है। वहीं देर शाम इस मामले में दोषी मानते हुए एसपी ने चौकी प्रभारी को भी निलंबित कर दिया है।
गांव रवाना के रहने वाले हनीफ ने बुधवार को एसपी नीरज कुमार जादौन से शिकायत करते हुए एक ऑडियो मुहैया कराई। मामले में एसपी ने चांदपुर प्रभारी निरीक्षक से जांच कराई तो सिपाही पर लगाए गए आरोपों को प्रथम दृष्टया सही पाया गया। जिसके बाद बुधवार की देर शाम हनीफ की ओर से सौंपी गई तहरीर के आधार पर जलीलपुर चौकी पर तैनात सिपाही राजन पुत्र चंद्रपाल सिंह निवासी पतला थाना निवाड़ी गाजियाबाद के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। सिपाही राजन को गिरफ्तार करने के साथ ही एसपी ने उसे निलंबित कर दिया। जिस थाने में तैनाती उसी की हवालात में सिपाही को बंद होना पड़ा।
दर्ज रिपोर्ट में हनीफ ने कहा कि पांच फरवरी को उसके भतीजे वाजिद और तोहीद को पूछताछ के लिए चौकी पर बुलाया गया था। पूछताछ के बाद दोनों भतीजों को छोड़ने के लिए सिपाही राजन ने 50- 50 हजार रुपये मांगे।
यह था मामला
जलीलपुर चौकी क्षेत्र में एक बकरा चोरी हुआ। जिसमें पूछताछ के लिए तौहीद और वाजिद को बुलाया गया था। पांच फरवरी को इन्हें बुलाया गया, जबकि शिकायत होने के बाद बुधवार शाम इन्हें छोड़ा गया। इस बीच पचास पचास हजार रुपये की डिमांड की गई थी।