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Bijnor News: शहीद दिवस पर विशेष... बिजनौर के आसफ अली ने दिया था भगत सिंह के मुकदमे में परामर्श

Thu, 23 Mar 2023 12:32 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
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आसफ अली।
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संवाद न्यूज एजेंसी
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कोतवाली देहात/बिजनौर। सरदार भगत सिंह राजगुरु और सुखदेव को आज ही के दिन 23 मार्च सन 1931 को फांसी दे दी गई थी। तीनों क्रांतिकारियों ने देश के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया था। उनके बलिदान दिवस पर जनपद के लोग उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं। बिजनौर के आसफ अली को भी याद किया जा रहा है। इन्होंने ही भगत सिंह के मुकदमे में परामर्श दिया था।


आठ अप्रैल 1929 को सरदार भगत सिंह और बटुकेश्वर दत्त ने केंद्रीय असेंबली में बम फेंका था। इन पर अंग्रेजी हुकूमत द्वारा असेंबली में बम फोड़ने पर मुकदमा चलाया गया था। इस मुकदमे की पैरवी जहां सरदार भगत सिंह ने खुद की थी, वही बटुकेश्वर दत्त की पैरवी जनपद बिजनौर के स्योहारा में जन्मे आसफ अली ने की थी। सरदार भगत सिंह ने अपना मुकदमा खुद लड़ा था लेकिन न्यायालय में की जाने वाली कागजी कार्यवाही के लिए उन्होंने आसफ अली से सहायता ली थी। राजनीतिक इतिहासकार एजी नूरानी की पुस्तक द ट्रायल ऑफ भगत सिंह पॉलिटिक्स ऑफ जस्टिस में आसफ अली का विस्तार से जिक्र किया गया है। जेएनयू में प्रोफेसर रहे तथा सरदार भगत सिंह पर कई पुस्तक लिखने वाले डॉक्टर चमन लाल ने भी अपनी पुस्तक में आसफ अली को भगत सिंह का न्यायिक परामर्शदाता बताया है।
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होरी सिंह ने लिया था नंगे पांव रहने और घर ना जाने का प्रण



सरदार भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को फांसी देने के बाद देश दुनिया में तरह तरह से विरोध प्रदर्शन किए गए थे। राम मनोहर लोहिया ने जर्मनी में फांसी के विरोध में प्रदर्शन किया था। बिजनौर के इतिहास के जानकार ग्राम फीना निवासी हेमंत कुमार बताते हैं कि जनपद बिजनौर के ग्राम सरकड़ा चकराजमल निवासी होरी सिंह ने भगत सिंह के बलिदान होने के बाद दूसरे दिन धामपुर में हुई एक श्रद्धांजलि सभा में यह प्रण लिया था कि जब तक देश आजाद नहीं होगा, तब तक वह नए जूते नहीं पहनेंगे। न ही घर जाएंगे और ना ही चारपाई पर सोएंगे।घर न जाने की प्रतिज्ञा के कारण उन्होंने अपना पूरा समय आंदोलन के प्रसार और लोगों को जागरूक करने में लगाया। होरी सिंह स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान 4 बार जेल गए। 15 अगस्त 1947 को देश की आजादी के बाद होरी सिंह ने जूते पहने और अपने घर में प्रवेश किया था। आजादी के बाद होरी सिंह जिला परिषद के अध्यक्ष भी रहे।
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बिजनौर निवासी अभिनेता सुशांत सिंह ने निभाई थी फिल्म में सुखदेव की भूमिका

सरदार भगत सिंह के जीवन पर आधारित फिल्म द लीजेंड ऑफ भगत सिंह में बिजनौर निवासी सुशांत सिंह ने सुखदेव की भूमिका निभाई थी। सुशांत सिंह ने सुखदेव की भूमिका को जीवंत कर दिया था। फिल्म में अजय देवगन ने भगत सिंह की भूमिका निभाई थी। सुशांत सिंह द्वारा निभाई गई सुखदेव की भूमिका को आज भी याद किया जाता है। सुशांत सिंह ने भी कहा था कि सुखदेव की भूमिका उनके जीवन में निभाए गए सबसे बेहतरीन किरदारों में से एक रही है।
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