-बीएसए कार्यालय में आई एंटी करप्शन की टीम से मचा हड़कंप
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। एंटी करप्शन टीम ने बृहस्पतिवार को बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) कार्यालय पर रिश्वत के मामले में पकड़ने के लिए जाल बिछा दिया था। मगर कथित आरोपी ने रिश्वत की रकम नहीं पकड़ी। इस कारण एंटी करप्शन टीम को खाली हाथ लौटना पड़ा।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय में एंटी करप्शन टीम की छापा मारने की सूचना पर कार्यालय में हड़कंप मच गया। अन्य लिपिक व कर्मचारी, अधिकारी सूचना मिलने पर घबरा गए। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय में ही तैनात एक कर्मी ने कार्यालय के एक कनिष्ठ सहायक पर रिश्वत लेने का आरोप लगाया। उसकी शिकायत पर एंटी करप्शन टीम बृहस्पतिवार सुबह 10.30 बजे से 11 बजे के बीच कार्यालय पहुंची। एंटी करप्शन टीम के सामने कार्यालय के एक कर्मी ने लिपिक के कमरे में पहुंचकर उन्हें डाक के साथ पैसे देने चाहे। एंटी करप्शन टीम के सदस्य उनके कमरे में आए और फाइलों को देखने लगे। टीम के एक सदस्य ने मोबाइल से फोटो लिए। टीम के सामने कर्मी ने उसे फिर रिश्वत की रकम देनी चाही। इस दौरान कर्मी से उसने कोई पैसा नहीं लिया। कक्ष में एक अधिकारी और कई लिपिक आदि बैठे हुए थे। टीम के सदस्यों ने पूछा तो उसने कहा कि यह मुझे झूठे रिश्वत के आरोप में फंसाना चाहता है। मुझे ट्रैप करना चाहता है। अगर आप चाहें तो सीसीटीवी फुटेज देख सकते हैं।
लिपिक ने मामले की शिकायत एसपी अभिषेक झा और जिलाधिकारी से की। उधर, कर्मी का आरोप था कि वह उसका तबादला दूसरी जगह कराना चाहता था। न कराने की रिश्वत मांगी थी। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी योगेन्द्र कुमार ने बताया कि उस समय कार्यालय में क्या हुआ, उस समय वह कार्यालय में नहीं थे। मामले में पूरी जानकारी को इस मामले की जांच कराई जाएंगी।