डा. रामस्वरूप आर्य को दी श्रद्धांजलि
बिजनौर । जिले के सुप्रसिद्ध साहित्यकार स्व.रामस्वरूप आर्य की द्वितीय पुण्यतिथि पर जैन धर्मशाला में स्मृति संध्या का आयोजन किया ।
जिले के साहित्यकारों व साहित्य प्रेमियों ने डा.आर्य के चित्र पर पुष्प अर्पित किए। चंद्रमणि रघुवंशी ने कहा कि डा.आर्य शिक्षाविद, साहित्यकार व समालोचक ही नहीं बल्कि पत्रकार भी थे। हितेश शर्मा ने कहा कि अगर विद्वान शब्द से ऊपर कोई शब्द है तो वह डा.आर्य के लिए एकदम उपयुक्त है। जयनारायण अरुण ने कहा कि तुम जीवित थे तो सुनने को मन करता था, तुम चले गए तो गुनने को मन करता है। कार्यक्रम में डा.आर्य के ज्येष्ठ पुत्र चंद्रप्रकाश आर्य को शॉल ओढ़ाकर व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया । इस दौरान वर्धमान कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डा.गोविंदराम गुप्ता, डा.अरविंद शास्त्री, डा.अजय जनमेजय, दीप अंजुम, संजीव एकल, जगदीशचंद्र वर्मा, भोलानाथ त्यागी आदि मौजूद रहे।