अमरोहा। जोया रोड स्थित संत निरंकारी कालोनी में आयोजित सत्संग कार्यक्रम में आपसी प्रेम व भाईचारे का महत्व बताते हुए महात्मा कमाल सिंह ने कहा कि एकत्व भाव की कमी के कारण चारों ओर इंसान से इंसान और मुल्क से मुल्क टकरा रहे हैं। इसलिए इंसानियत के अस्तित्व के लिए एकत्व भाव से रहते हुए ना बैर न तकरार के संदेश पर चलते हुए आपसी प्रेम और भाईचारे की जरूरत पर जोर दिया जाना जरूरी है। ताकि विनाश के रास्ते को त्यागकर संसार को सजाया और संवारा जा सके। उन्होंने संतों की संगत पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जीवन की नाव को पार लगाने के लिए संतों का सहारा लिया जाना बहुत जरूरी है। इससे मन निर्मल होकर ईश्वर की शरण में चला जाता है। फिर उसे चारों ओर निरंकार के दर्शन होने लगते हैं। इस मौके पर राधेश्याम अरोड़ा, बृजमोहन, रणवीर, जगत सिंह, छत्रपाल, धर्मेंद्र, प्रीति, ऊषा, पुष्पा आदि मौजूद रहीं।