बिजनौर। जिला कारागार में करीब 150 बंदी ऐसे हैं, जिनके मामले विचाराधीन हैं और उन्हें अपराध के अनुसार अधिकतम सात साल की सजा हो सकती है। ऐसे बंदियों को निजी मुचकले पर दो महीने के लिए रिहा किया जाना है। इस घोषणा के अनुसार सुनवाई के बाद सोमवार देर शाम जिला कारागार से 45 बंदी निजी मुचलके पर रिहा किए गए हैं। जेलर शैलेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि शासन के आदेशानुसार व जजों की सुनवाई के बाद अब तक 45 बंदियों को रिहा किया गया है। बाकी बंदियों के मामलों की भी सुनवाई की जा रही है। बंदियों को दो महीने के लिए ही रिहा किया जा रहा है। बाद में इन्हें हाजिर होना होगा।