बिजनौर में गणतंत्र दिवस के मद्देनजर आईएसआई एवं आतंकी गतिविधियों से जुड़े प्रदेशों के लोगों की छानबीन के लिए अभिसूचना इकाई ने अफजलगढ़ में कश्मीर के 32 मुस्लिम परिवार चिह्नित किए है। धर्मशालाओं, मदरसों और होटलों में रहने वाले यह परिवार यहां ऊनी कपड़े और अखरोट बेचने का काम करते है। अभिसूचना इकाई के अधिकारियों ने इन सभी परिवारों का सत्यापन कराने के लिए कश्मीर रिपोर्ट भेजी है। उन लोगों का भी सत्यापन किया जा रहा है, जहां पर यह कश्मीरी परिवार आश्रय लिए है।
गौरतलब है कि इन दिनों स्थानीय अभिसूचना इकाई के अधिकारियों से सरकार के आदेश पर गैर प्रांतों के यहां पर रहने वाले लोगों की छानबीन शुरू कर दी है। पिछले दिनों धामपुर पुलिस क्षेत्र में गैर प्रदेशों के लोगों की छानबीन की गई तो असम राज्य के मूल निवासी 22 मुसलिम परिवार यहां पर डेरा डालकर रहते हुए मिले। इन सभी परिवारों का नाम, पता और आईडी लेकर सत्यापन कराया जा रहा है। फिलहाल में धामपुर में पकड़ में आए असम प्रदेश के यह सभी 22 मुस्लिम परिवार अभिसूचना इकाई की निगरानी में है। यह परिवार कबाड़ बीनने का काम करते है। इसी अभियान के तहत अफजलगढ़ अभिसूचना इकाई के प्रभारी अमर पुनिया और आनंद सिंह ने अफजलगढ़ थाना क्षेत्र में गैर प्रदेशों के रहने वाले लोगों की छानबीन की। बताया कि अब तक यहां पर 32 कश्मीरी मुस्लिम परिवारों को चिह्नित किया जा चुका है। यह सभी लोग परिवार के साथ अफजलगढ़ की धर्मशालाओं , होटलों और मदरसों में रह रहे है। इन सभी लोगों की आईडी लेकर इनके आचरण को सत्यापित कराने को उनके मूल पते पर कश्मीर पुलिस को भेजा गया है। बताया गया कि यह कश्मीरी लोग ऊनी कपड़ों को बेचने का कारोबार करते है। अभिसूचना इकाई के अधिकारियों का कहना है कि इनके बारे में अधिकारियों और शासन को अवगत करा दिया है। सभी परिवारों पर अभिसूचना इकाई की पूरी तरह से निगरानी है।