बिजनौर। उपायुक्त स्वत: रोजगार ज्ञान सिंह के अनुसार जिले में महिलाओं के 4215 समूह हैं। यह समूह पशुपालन, मुर्गी पालन, सिलाई, कढ़ाई व बुनाई के काम में लगे हैं। काष्ठ कला एक जिला एक उत्पाद योजना में चयनित है। अनेक समूह इस काम में लगे है। समूहों ने काम को आगे बढ़ाने के लिए बैंकों से लोन के लिए आवेदन कर रखा है। लाभार्थी लोन मंजूर नहीं करने की शिकायत लेकर मुख्य विकास अधिकारी व उनसे मिलते रहे हैं। इसे लेकर बुधवार को एसडीएम नगीना की अध्यक्षता में बैंकर्स की बैठक कोतवाली देहात ब्लॉक में हुई। जांच में पाया गया कि कोतवाली ब्लाक के 47 लोन के मामले लंबित है। सबसे अधिक मामले प्रथमा बैंक के है। इसके बाद पंजाब नेशनल बैंक का नंबर है। बैंकों से एक सप्ताह में मामले निपटाने को कहा गया है। हर ब्लॉक में कमोबेश यही स्थिति है। प्रशासन की बैंकों के साथ हर ब्लाक में बैठक होगी।