- मेडिकल अस्पताल में डायरिया के पांच मरीज भर्ती
- अस्पताल में पहुंच रहे डायरिया, निर्जलीकरण, बुखार के मरीज
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। मेडिकल अस्पताल में बढ़ती गर्मी को देखते हुए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। गर्मी के रोगों से ग्रसित मरीजों के लिए अस्पताल में 10 बेड आरक्षित कर लिए गए हैं। गंभीर मरीज आने पर उन्हें भर्ती किया जाएगा। इसके अलावा दवाइयों की व्यवस्था की जा रही है।
गर्मी की चपेट में आकर लोग डायरिया, लू, निर्जलीकरण के शिकार हो रहे हैं। बलिया में लू की वजह सेे मरीजों की मौत भी हो गई है। जिसके चलते शासन की ओर से सभी अस्पतालों में 10 बेड आरक्षित करने के निर्देश दिए गए हैं। बिजनौर के मेडिकल अस्पताल में 10 बेड आरक्षित कर लिए गए हैं। सामान्य वार्ड में डायरिया के पांच, बुखार के छह मरीज भर्ती हैं।
चिकित्सक इन मरीजों की तबीयत में सुधार बता रहा है। इसके अलावा इन दिनों हीट स्ट्रोक का खतरा भी बढ़ जाता है। जिसको लेकर चिकित्सक सभी को गर्मी से बचाव करने की सलाह दे रहे हैं। सभी वार्डों में गर्मी के रोगों से जुड़ी दवाइयां पहुंचाई जा रही हैं।
हीट स्ट्रोक सहित गर्मी के अन्य रोगों के लिए अस्पताल में पूरी तैयारी है। अस्पताल में गर्मी के रोगों के लिए 10 बेड आरक्षित कर लिए गए हैं। किसी भी मरीज को कोई परेशानी नहीं होने दी जाएगी। गर्मी में पानी का सेवन ज्यादा मात्रा में करें - डॉ. मनोज सैन, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक
गर्मी में बढ़ रहे डायरिया के मरीज : डॉ. नवनीत गर्ग
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. नवनीत गर्ग ने बताया कि गर्मी अधिक होने से बच्चे डायरिया, बुखार की चपेट में आ रहे हैं। समस्या बढ़ने पर उन्हें निर्जलीकरण भी हो रहा है। गर्मी में पानी का अधिक सेवन करें। कोई भी परेशानी होने पर तुरंत चिकित्सक से परामर्श लें।
गर्मी में हीट स्ट्रोक के मरीज बढ़ने लगे : डाॅ. अनिल अग्रवाल
डॉ. अनिल अग्रवाल का कहना है कि गर्मी बढ़ने के साथ ही हीट स्ट्रोक के मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। धूप में सिर पर कपड़ा रखकर निकलें। थोड़ी-थोड़ी देर में पानी पीते रहें। बच्चों को धूप में बिल्कुल न जाने दें।