फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाइवे के किनारे खड़े ट्रक बन रहे जानलेवा

विज्ञापन
गोपीगंज कोतवाली के सामने जाम को बढ़ावा देते पुलिस के सीज ट्रक। संवाद - फोटो : BHADOHI
विज्ञापन
ज्ञानपुर/गोपीगंज। ठंड और कोहरे की मार रफ्तार पर पड़ने लगी है। पुलिस और एएनएचआई की उदासीनता से हाइवे के किनारे खड़े ट्रक दुर्घटना का सबब बन रहे हैं। यदि जल्द ही पुलिस-प्रशासन ने ध्यान नहीं दिया तो खड़े ट्रक हादसे की वजह बन जाएंगे। गुजरे एक साल में करीब 30 से अधिक लोगों की मौत खड़े ट्रकों के कारण हो चुकी है। हंडिया से वाराणसी तक सिक्सलेन का निर्माण हो जाने से वाहनों की रफ्तार भी बढ़ गई है। सर्विस लेन पर जाने के लिए जगह-जगह की गई बैरिकेडिंग के चलते भारी वाहन होटल और ढाबों के सामने हाइवे पर ही खड़े हो जाते हैं। हकीकत यह है कि ऐसे वाहनों पर रिफ्लेक्टर आदि भी नहीं लगाए जाते हैं। परिणाम यह होता है कि तेज रफ्तार से जा रहे वाहन खड़े ट्रक में भिड़ जाते हैं। स्थिति चाहे जो हो लेकिन इस तरह की हो रही घटनाओं को लेकर होटल-ढाबा के संचालक से लेकर पुलिस भी जिम्मेदार हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग पर हुए अतिक्रमण को कौन कहे हटाने को जब गोपीगंज थाना ही अतिक्रमण कर बैठा है। जी हां ऐसा ही नजारा आप देख सकते हैं गोपीगंज कोतवाली के दोनों पटरियों पर दुर्घटनाग्रस्त, चोरी और अन्य पकड़े गए वाहनों को आधे सड़क तक खड़ा कर दिया गया है। जिसके कारण किसी भी दिन बड़ी दुर्घटना की संभावना बनी है। 21 मार्च 2021 को गोपीगंज के लाला नगर टोल प्लाजा के पास खड़े कंटेनर में पीछे से कार भिड़ने से वाराणसी के बड़ागांव निवासी तीन दोस्तों की मौत हो गई थी। इसके अलावा दो अन्य दुर्घटनाओं में तीन की मौत हो चुकी है। 16 दिसंबर 2020 को कोलकाता से लौट रही कार चावल लदे ट्रक से भिड़ गई। जिसमें मां सरस्वती देवी और बेटी सुमन की मौत हो गई। शादी से लौटते समय यह घटना हुई। 26 जनवरी 2021 को अमवा माधोपुर के पास राजमार्ग पर खड़े कंटेनर में पीछे से आ रही एंबुलेंस भिड़ जाने से उस पर सवार चालक सहित पांच लोगों की मौत हो गई थी। एंबुलेंस आसनसोल पश्चिम बंगाल से शव लेकर चित्तौडग़ढ राजस्थान जा रही थी। एनएएचआई के परियोजना निदेशक एके राय ने बताया कि सिक्सलेन पर लगी टीमों को ऐसे वाहनों को हटाने के लिए कहा गया है। थानों की सीज वाहन हटाने की जिम्मेदारी पुलिस की होती है। अगर कहीं ऐसे वाहन खड़े हैं तो उसे हटवाया जाना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें