तीखी धूप से गर्मी का सितम बढ़ा गया है। गर्म हवाएं के चलते लोग दिन भर घरों में बाहर नहीं निकले। दोपहर में दहकती सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। जिले में सोमवार को अधिकतम तापमान 43 डिग्री पहुंच गया। न्यूनतम तापमान 26.3 डिग्री दर्ज किया गया। आर्द्रता 16 सेमी ग्राम के आसपास रही। जिले में मई के तीसरे सप्ताह में पारा चढ़ने से हीट स्ट्रोक के खतरे की आशंका बढ़ गई है। चिलचिलाती धूप ने लोग बैचेन है। गर्म हवाएं झुलसा दे रही है। तापमान बढ़ने से कूलर और पंखे की हवा आंच की अनभूति करा रही है। मौसम के मिजाज में आई तल्खी से लोग सहम गए हैं। पूरे शरीर को ढककर बाहर निकल रहे है। जिला चिकित्सालय की ओपीडी में लोग उल्टी, दस्त और डिहाईड्रेशन की शिकायत को लेकर पहुंच रहे है। जिला चिकित्सालय के डॉ. अमल सिंह ने बताया कि गर्मी के दिनों कम से कम चार से पांच लीटर पानी पीना चाहिए। तले भूने खाद पदार्थों से परहेज करना चाहिए। उन्होंने का भीषण गर्मी में बचाव ही बीमारियों का उपचार है। मौसम विशेषज्ञ सर्वेश बरनवाल ने बताया कि बीते एक सप्ताह से लगातार तापमान बढ़ रहा है। उन्होंने आगामी दिनों में तापमान 46 डिग्री से पार करने की आशंका जताई।