काशी नरेश राजकीय महाविद्यालय ज्ञानपुर का गेट। संवाद
- फोटो : BHADOHI
ज्ञानपुर। मंडल में राज्य विश्वविद्यालय की स्थापना को लेकर शासन से आदेश की जानकारी मिलते ही कालीन नगरी के काफी पुराने काशी नरेश राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय को विश्वविद्यालय बनाने की कवायद शुरू हो गई। ज्ञानपुर के विधायक विपुल दुबे ने इस संबंध में जिलाधिकारी को पत्र लिखा है। उन्होंने कहा है कि शासन के निर्देशानुसार राज्य विश्वविद्यालय के लिए जितनी जमीन चाहिए उतनी जमीन केएनपीजी के पास है। ऐसे में यहां विश्वविद्यालय बनाया जाना उचित होगा। विधायक विपुल दुबे ने बताया कि 14 अप्रैल को उच्च शिक्षा अनुभाग चार के पत्र के अनुसार मंडलायुक्त को पत्र पहुंचा है। उसमें मंडल स्तर पर राज्य विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए जमीन की उपलब्धता के बारे में रिपोर्ट मांगी गई है। नियम के अनुसार ग्रामीण क्षेत्र में 50 एकड़ या शहरी क्षेत्र में 20 एकड़ जमीन इसके लिए पर्याप्त होती है। बताया कि भदोही जिले के ज्ञानपुर शहर में स्थित काशी नरेश राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय के पास जमीन पर्याप्त है। इस दिशा में आवश्यक कार्यवाही की जानी चाहिए। बता दें कि केएनपीजी कॉलेज को विश्वविद्यालय बनाने के लिए लंबे समय से मांग की जा रही है। आस-पास के कई जनपदों के छात्र-छात्राएं यहां अध्ययन करने आते हैं। काशी नरेश राजकीय पीजी कॉलेज की स्थापना एक अगस्त 1951 को हुई थी। तब से अब तक महाविद्यालय ने काफी तरक्की की है। यहां करीब 100 प्राध्यापक व स्टाफ हैं। वहीं कला, वाणिज्य और विज्ञान संकाय को मिलाकर करीब आठ हजार छात्र-छात्राएं पंजीकृत हैं। यहां स्नातक, स्नातकोत्तर के साथ ही बीएड की भी पढ़ाई होती है। कॉलेज के प्राचार्य प्रो. पीएन डोंगरे ने बताया कि कॉलेज के पास कुल 63 एकड़ जमीन है। यानी विश्वविद्यालय बनाया जा सकता है। यहां जरूरत भी है।