ज्ञानपुर। अरब सागर से उठे ताउते चक्रवात से अभी कालीन नगरी के लोग उबरे नहीं थे कि बंगाल की खाड़ी से विकसित चक्रवात यास कहर बरपाएगा। मौसम विशेषज्ञों ने इसके लिए अलर्ट कर दिया है। 27 से 30 मई के मध्य जिले में मध्यम और तेज बारिश, तूफान, बिजली गिरने की संभावना है। अप्रैल और मई के महीने में मौसम का मिजाज हर सप्ताह बदल रहा है। पांच दिन पूर्व अरब सागर में बने चक्रवात ताउते के कारण जिले में तीन दिनों में रिकार्ड 140 मिमी बारिश हुई। तेज तूफान के कारण सैकड़ों पेड़ उखड़ने के साथ ही कई टीनशेड उड़ गए। इससे जिले के कई फीडरों की बिजली आपूर्ति बाधित रही। बारिश के बाद किसान उर्दू, चरी की बुआई संग धान की नर्सरी की तैयारी में जुट गए थे, लेकिन अब बंगाल की खाड़ी से उठे यास चक्रवात ने चिंता बढ़ा दी है। कृषि विज्ञान केंद्र बेजवां के मौसम विशेषज्ञ सर्वेश बरनवाल ने बताया कि बंगाल की पूर्वी मध्य खाड़ी के ऊपर संभावित चक्रवात यास तेजी से विकसित हो रहा है। इसका प्रभाव कालीन नगरी में देखने को मिलेगा। जिले में 26 मई से इसका असर देखने को मिल सकता है। जिसमें 27 से 30 मई तक मध्यम से भारी बारिश हो सकती है। इसके साथ ही आंधी, तूफान और वज्रपात जैसी स्थिति रहेगी। इस बीच लोगो को सावधानी बरतने की अत्यंत आवश्यकता होगी। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों अरब सागर से आए तूफान ताउते इतना शक्तिशाली था कि उसका असर पूरे प्रदेश मे देखने को मिला।यास चक्रवात पूर्वोत्तर राज्यों को अधिक प्रभावित करेगा, जिसके कारण पूर्वी उत्तर प्रदेश में इसका बहुत अधिक प्रभाव देखने को मिलेगा। किसान भाइयों को मौसम बदलाव को ध्यान में रखते हुए खेतों में मेड़बंदी कर लेनी चाहिए, जिससे खेत में ही पानी संचित हो सके और जायद की फसलें मुख्य दलहनी और सब्जी वाली खड़ी फसलों में जल निकासी की उचित व्यवस्था कर ले।