ज्ञानपुर। औराई के नरथुआं स्थित पंडाल में हेलोजन लाइट से आग लगी थी। आग की वजह की पड़ताल करने का गठित एसआईटी ने डीएम को सौंपे गए रिपोर्ट में यही दावा किया है। रिपोर्ट के अनुसार हेलोजन गर्म होने से पंडाल के कपड़े ने आग पकड़ी। इस आग ने तेजी से पूरे पंडाल को अपनी आगोश में ले लिया। जांच में औराई कोतवाली के पुलिसकर्मियों की लापरवाही भी सामने आई है।
रिपोर्ट के अनुसार नरथुआं में पंडाल बिना अनुमति के लगाया गया था। अग्निशमन और पुलिस से कोई एनओसी भी नहीं ली गई थी। बावजूद नवरात्रि के सात दिनों तक पुलिस और प्रशासन ने कोई ध्यान नहीं दिया। अग्निकांड के बाद अधिकारी सतर्क हुए। एडीजी जोन की ओर से गठित एसआईटी ने शुरूआती जांच रिपोर्ट सोमवार को डीएम को सौंपी। इसमें बताया गया कि आग की वजह शार्ट सर्किट न होकर हेलोजन लाइट थी। पंडाल के समीप ही हेलोजन लाइट लगी थी। उसकी गर्मी से पंडाल के प्लास्टिक युक्त कपड़े जलने लगे। देखते ही देखते पूरा पंडाल उसकी चपेट में आ गया और धू-धू कर जल गया। रिपोर्ट में कोतवाली के दोषी कर्मियों पर भी कार्रवाई की बात कही गई है। बगैर अनुमति बनाया गया पूजा पंडाल पुलिस की लापरवाही का नतीजा था। डीएम ने जांच के लिए अधिकारियों की टीम भी गठित कर दी है। डीएम गौरांग राठी ने कहा कि एसआईटी जांच चल रही है। उच्चाधिकारियों को घटना से अवगत कराया जा रहा है। जांच पूर्ण होने पर दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।