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वेंडिग जोन में सन्नाटा, पटरी पर सज रही दुकानें

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ज्ञानपुर नगर के जीआईसी के समीप खाली पड़ा वेंडिग जोन। संवाद - फोटो : BHADOHI
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ज्ञानपुर। स्ट्रीट वेंडर्स को आत्मनिर्भर और सड़कों को अतिक्रमण मुक्त बनाने का प्रयास कालीन नगरी में सफल होता नहीं दिख रहा है। प्रशासन की लाख कोशिशों के बाद भी योजना परवान नहीं चढ़ पा रही है। लाखों रुपये खर्च कर वेंडिंग जोन तैयार कर दिए गए, लेकिन दुकानदार उससे दूरी बनाए हुए हैैं। इस कारण भदोही, ज्ञानपुर, गोपीगंज सहित अन्य नगरों में ठेले और रेहड़ी वाले सड़क पर अतिक्रमण कर अपनी दुकानें चला रहे हैं। इससे आए दिन शाम को जाम की स्थिति बन जाती है।
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जिले की दो नगर पालिका भदोही, गोपीगंज और पांच नगर पंचायत ज्ञानपुर, घोसिया, खमरिया, सुरियावां और नई बाजार में करीब 15 लाख की लागत से वेंडिंग जोन बनकर तैयार हैं। ज्ञानपुर में 22 दुकानदारों को यहां दुकानें आवंटित कर दी गई हैं। आवंटन के दो से तीन महीने बाद भी दुकानदार नदारद हैं। अन्य नगरों में भी वेंडिंग जोन का यही हाल है। ज्ञानपुर नगर के विभूति नारायण राजकीय इंटर कॉलेज के समीप वेंडिंग जोन बना है। गोपीगंज नगर पालिका परिषद की ओर से बनाए गए वेंडिंग जोन में आवंटन के बाद भी दुकानदार दुकान लगाने को तैयार नहीं हैं।
खमरिया नगर पंचायत में 20 दुकानदारों के लिए वेंडिंग जोन तैयार है। वेंडिंग जोन में दुकानदारों के न जाने से ज्ञानपुर के हरिहरनाथ मंदिर, दुर्गागंज तिराहा, शीतल पाल तिराहा, केएनपीजी कॉलेज, गोपीगंज के राष्ट्रीय राजमार्ग चौराहा, मीरजापुर तिराहा व नगर के अन्य प्रमुख स्थानों पर अभी दुकानें सजी हैं। इससे जाम की समस्या होती है। इससे सरकारी मुहिम को झटका लग रहा है। ठेला और रेहड़ी दुकानदार वेंडिंग जोन में कारोबार को लेकर चिंतित है। एक दुकानदार ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि वेंडिंग जोन नगर के दूसरे हिस्से में बनाया गया है। वहां पर ग्राहक आएंगे या नहीं, इसे लेकर असमंजस है। दो से तीन दिन अगर दुकानदारी नहीं हुई तो रोज कमाने खाने वाले दुकानदारों को दिक्कत खड़ी हो जाएगी। अधिकतर दुकानदार इसी को लेकर परेशान है। बीते माह में अभियान चलाकर अतिक्रमण हटाया गया। दुकानदारों से कहा गया कि दुकान सड़क पर न लगाएं। दुकानदार प्रशासन की बात मानें इसके लिए वेंडिंग जोन भी बनाया गया, लेकिन वहां दुकान न लगाकर सड़क के किनारे ही लगती है। ऐसे में अक्सर जाम की स्थिति बनती है। दुर्घटना की भी आशंका बनी रहती है। जब कभी बड़ा अधिकारी या मंत्री आता है, तो उस दिन ऐसी दुकानों को हटवा दिया जाता है। ज्ञानपुर नगर के अधिशासी अधिकारी राजेंद्र दूबे ने कहा कि प्रशासन के सहयोग से पूर्व में दुकानदारों को वेंडिग जोन में भेजा गया था। जल्द ही अभियान चलाकर दुबारा कार्रवाई की जाएगी।
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