ज्ञानपुर। मतदाता पुनरीक्षण कार्य की प्रगति खराब होने पर सदर तहसील प्रशासन ने सख्त रवैया अपनाया है। बृहस्पतिवार को तहसील सभागार में पुनरीक्षण सहित आईजीआरएस मामलों की समीक्षा के दौरान तहसीलदार विजय यादव ने 12 बीएलओ को फटकार लगायी है। इसके अलावा लापरवाही बरतने वाले 36 बीएलओ पर पहले ही मुकदमा दर्ज कराने का निर्देश दिया है। तहसीलदार ने बताया कि 393 विधानसभा ज्ञानपुर में कुल मतदाताओं की संख्या 3.91 लाख है। निर्वाचन पहचान पत्रों को आधार से लिंक कराने के लिए लगभग 444 महिला-पुरुष बीएलओ को घर-घर पहुंच कर जीवित मतदाताओं का आधार लिंक करने, मृतकों को सूची से बाहर करने और नये मतदाताओं को जोड़ने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। जिसमें अभी तक मात्र 10 फीसदी ही कार्य हो सका है। जबकि 30 सितंबर तक 40 फीसदी कार्य पूरा करने का निर्देश दिया गया था। 15 सितंबर से ही निकाय चुनाव का पुनरीक्षण कार्य शुरू हो चुका है। जिसमें 12 बीएलओ को ठीक से काम नहीं करने पर फटकार लगायी गयी है। विधानसभा ज्ञानपुर में विजय लक्ष्मी, रामकुमार बिंद, रेनू श्रीवास्तव, विजय कुमार सिंह, सुशीलचंद्र, शैलेश कुमार, माधुरी राय, ममता मालवीय, प्रमीला देवी, रीता त्रिपाठी, पार्वती देवी, गीता देवी, पूजा गुप्ता, निमा सिंह, गिरजा देवी, सुनीता, फूलकली, सरोजा देवी, सपना देवी, अनीता उपाध्याय, सुशीला मौर्या, शीला देवी, धर्मेंद्र कुमार, सीता देवी, प्रकाशचंद, उमेश यादव, अरुणलाल, सीमा मौर्या, रेखा, सीमा देवी, सुमित्रा देवी, बृजराज, सूबेदार गौतम, अंजू देवी, रेखा सरोज, सीमा भारती पर निर्वाचन एक्ट के तहत कार्रवाई होगी। जिलाधिकारी गौरांग राठी के निर्देश का असर अब प्रत्येक बृहस्पतिवार को संपन्न होने वाले आईजीआरएस दिवस पर दिखने लगा है। गत शनिवार को जिलाधिकारी ने प्रथम बार संपूर्ण समाधान दिवस में उपस्थित होकर फरियादियों के मामले में सख्ती दिखाई थी। कारण कि राजस्व से संबंधित आने वाली शिकायतों का निस्तारण करने में संयुक्त टीम की लापरवाही सामने आई थी। प्रत्येक समाधान दिवसों में फरियाद करने वालों की संख्या बढ़ रही है। आईजीआरएस पर फरियाद दर्ज होने पर फर्जी रिपोर्ट लगा दी जाती थी। मामला सामने आने पर उन्होंने आईजीआरएस सेल गठित कर प्रत्येक बृहस्पतिवार को समाधान दिवस में आने वालों के साथ फरियादियों को फोन से वार्ता कर मामलों का निस्तारण करने में प्राथमिकता दिखाने के लिए निर्देशित किया था।