वाम दलों ने बुधवार को संयुक्त रूप से केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, असुरक्षा के खिलाफ भदोही तहसील में धरना देकर प्रदर्शन किया। इस मौके पर ज्ञापन एसडीएम भदोही को सौंप कर धरना समाप्त किया गया। धरना के दौरान महंगाई कम करो, रोजगार दो, निजीकरण बंद करो आदि नारे लगाए गए। सुबह 11 बजे सीपीएम, सीपीआई, फारवर्ड ब्लॉक जिला इकाई के महिला पुरुष कार्यकर्ता तहसील पहुंचे। लगभग दो घंटे तक तक सभा की गई। सभा में भाकपा के सचिव भुलाल पाल ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार अपने वादों पर खरा नहीं उतर सकी है। डीजल पेट्रोल और ईंधन गैस की कीमतों को जीएसटी के दायरे में लाकर कीमतें कम की जाए। मनरेगा का विस्तार शहरी क्षेत्र में भी किया जाए। तथा दो सौ दिन की मजदूरी सुनिश्चित किया जाए। प्रतिदिन 6 सौ रुपये मजदूरी दी जाए। दवाओं के दाम कम किए जाएं साथ ही शिक्षा पूरी तरह से नि:शुल्क करने की मांग की गई। जगन्नाथ मौर्य ने ने कहा कि बिजली की कीमतें घटाने, कृषि कानूनों को खत्म करने, न्यूनतम समर्थन मूल्य की गारंटी दी जाए। निजीकरण पर रोक लगाने के साथ साथ दलितों अल्पसंख्यकों पर अत्याचार कम किया जाए। धरना में रामजीत यादव, मनोज गौतम, प्रम बहादुर, अमरावती देवी, उर्मिला देवी, पंधारी यादव, सुनीता देवी आदि शामिल रहे।