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एक महीने से सऊदी अरब में फंसा कोनिया का युवक

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सीतामढ़ी। भदोही के कोनिया क्षेत्र का एक युवक सऊदी अरब के जेद्दा शहर में बीते एक महीने से फंसा हुआ है। वहां जिस कंपनी में काम करता था वह कंपनी बीते एक वर्ष से तनख्वाह भी नहीं दी है। परेशान होकर घर वालों ने ट्विटर हैंडल के माध्यम से भदोही के जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक और मुख्यमंत्री से मदद की गुहार लगाई है। कोइरौना थाना क्षेत्र के सोनपुर डीघ गांव निवासी राकेश कुमार उपाध्याय सऊदी अरब से अमर उजाला को फोन पर बताया कि वह वर्ष 2014 में सऊदी अरब के जेद्दा में स्थित एक कंस्ट्रक्शन कंपनी में काम करता था। नवंबर 2016 में गांव आया। फिर 31 दिसंबर को पुन: ड्यूटी करने सऊदी गया। इसी बीच कंपनी का नाम बदल गया। बताया कि 20 जनवरी 2019 को पुन: स्वदेश वापसी हुई और तीन माह बाद 14 अप्रैल को ड्यूटी करने जेद्दा पहुंचा। बताया कि नियमानुसार कम से कम 2 साल का एग्रीमेंट होता है। राकेश के अनुसार कंपनी से उनका एग्रीमेंट 14 अप्रैल 2021 तक का था। बताया कि कोरोना को देखते हुए कंपनी में काम करता रहा। तीन जनवरी 2022 को भारत लौटने के लिए कंपनी को सूचना दी। बताया कि उनका अकामा दो जून तक वैध था। कंपनी ने 20 मई तक काम करने को कहा तो मैं उनकी बात को स्वीकार करते हुए 20 मई तक काम किया। 21 से ड्यूटी बंद कर दिया और कंपनी के अधिकारियों से पूछा कि एग्जिट कब लगायेंगे तो बोला गया कि रूम पर बैठिए एग्जिट लग जाएगा। 28 मई को फोन आया कि कंपनी के मालिक से मिलिए तब एग्जिट लगेगा। 29 मई को मालिक से मिला तो एक जून को एग्जिट लग गया। जब बकाया मांग की तो बोला पैसा आने पर मिलेगा। फिर 18 जून को हमारे अकामा निरस्तीकरण के साथ थोड़ी देर बाद अकामा रिन्यूअल का मेसेज आया। अब स्थिति यह है कि 20 मई से बैठे हैं। बकाया हिसाब लगभग चार लाख रुपये नहीं मिल रहा है। इस कारण वतन वापसी नहीं हो पा रही है।
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