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Bhadohi News: बिजली विभाग चेता होता तो नहीं कटता आकाश का हाथ

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गाेपीगंज कोतवाली के घनश्यामपुर निवासी आकाश (17) अब अपाहिज हो गया है। कल तक वह पूरी तरह से स्वस्थ था। उसके दोनों हाथ भी सही सलामत थे, लेकिन आज उसका एक हाथ नहीं है। बिजली विभाग की लापरवाही ने उससे उसका बायां हाथ छिन लिया है। अब आजीवन उसे इसी तरह रहना होगा। करंट की चपेट में आने के बाद उसके शरीर में इंफेक्शन फैल गया। इसके बाद चिकित्सकों ने एक हाथ काट कर उसकी जान बचाई। जिले में जगह-जगह लटकते और जर्जर तार लोगों की जान की दुश्मन बने हुए हैं। गोपीगंज क्षेत्र के घनश्यामपुर निवासी रामदीन के 19 वर्षीय पुत्र आकाश के लिए यह अभिशाप बन गया। बुधवार को खेत में फिसलने के दौरान जमीन से केवल सात फीट ऊंचाई पर लटक रहे हाईटेंशन तार की चपेट में आने से वह बुरी तरह झुलस गया। आनन-फानन में उसे सीएचसी गोपीगंज लाया गया। जहां से चिकित्सकों ने उसे वाराणसी के लिए रेफर कर दिया। परिजन उसे लेकर एक निजी चिकित्सालय में पहुंचे। जहां चिकित्सकों ने करंट लगे हाथ में इंफेक्शन फैलने का हवाला देते हुए हाथ काटने की सलाह दी। इसपर परिजन घबरा गए और उसे लेकर बीएचयू चले गए। यहां भी चिकित्सकों ने वहीं बात कही। चिकित्सकों का कहना है कि करंट से उसके बाएं हाथ की नसें सूख गई हैं और इंफेक्शन फैल गया है। ऐसे में आकाश की जान बचाने के लिए उसका बायां हाथ काटा जाना बहुत जरूरी है। काफी जद्दोजहद के बाद चिकित्सकों ने आकाश का ऑपरेशन कर उसका बायां हाथ काटकर अलग किया और उसकी जान बचाई। हाथ कटने के बाद आकाश की जान तो बच गई है, लेकिन अब वह अपाहिज हो गया है। आकाश हाईस्कूल का छात्र है। उसकी मां का पहले ही देहांत हो चुका है। घर में पिता, बड़ा भाई और भाभी हैं। भाई गाड़ी चलाकर आजीविका चलाता है। आकाश का हाथ काटकर अलग किए जाने की सूचना के बाद गांव के लोगों में रोष है। गांव के बृजेश, दीपक सहित अन्य ने कहा कि बिजली विभाग अगर चेता होता तो आकाश का हाथ काटने की नौबत नहीं आती। बताया कि जर्जर तारों को बदलने के लिए कई बार पत्रक सौंपा गया, लेकिन विभाग के अधिकारी नहीं चेते। गांव में कई जगहों पर तार लटक रहे हैं। बीते साल एक महिला अपने सिर पर घास की टोकरी लेकर जा रही थी। लटक रहे हाईटेंशन तार के संपर्क में आने से बुरी तरह झुलस गई। किसी तरह उसकी जान बची थी। इसके बाद भी विभागीय अधिकारियों के कानों में जूं नहीं रेंग रहे।
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