भदोही। मानवीय मूल्य और नैतिकता का पाठ पहले गुरुजी पढ़ेंगे और फिर शिष्यों को सिखाएंगे। अगले माह भारतीय कालीन प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईसीटी) में इसकी कार्यशाला होगी।
अखिल भारतीय प्राविधिक शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) बच्चों को मानवीय मूल्य समझाने और उनमें नैतिकता का विकास करने को शिक्षा का हिस्सा बनाने की योजना तैयार की है। पहले इनसे अध्यापकों को परिचित कराया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद अध्यापक छात्रों में इन गुणों का विकास करेंगे। आठ से 10 फरवरी के बीच आईआईसीटी में इसकी कार्यशाला आयोजित की जाएगी। पहले चरण में कार्यशाला में राजकीय विद्यालयों के शिक्षकों को शामिल किया गया है। एआईसीटीई के पोर्टल पर प्रतिभागी शिक्षकों का पंजीकरण शुरू हो गया है।
आईआईसीटी के निदेशक डा.राजीव कुमार वार्ष्णेय ने बताया कि विश्वव्यापी मानवीय मूल्यों एवं पेशेवर नैतिकता विषयक यह कार्यशाला रोजाना सुबह 9 बजे से 5 बजे तक चलेगी। एआईसीटीई के विशेषज्ञ दिलशाद हुसैन और उनके सहयोगी प्रशिक्षण देंगे। जनपद के प्रधानाचार्यों, शिक्षकों से कार्यशाला में शामिल कराने के लिए जिला विद्यालय निरीक्षक विकायल भारती से आग्रह किया गया है। अनुमान है कि 60 से 70 शिक्षक इसमें शामिल होंगे। अखिल भारतीय प्राविधिक शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) की डॉ अरुणा गुप्ता ने कहा कि यह कार्यशाला बेहद महत्वपूर्ण है। हमारा प्रयास है कि अधिक से अधिक शिक्षक इसमें भाग लें।