अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी प्रथम की अदालत ने दहेज हत्या के दोषी पति सहित चार को 10-10 वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
कोइरौना के पुरवां निवासी अरुण कुमार गुप्ता थाना औराई ने आरोप लगाया था कि उनकी बहन की शादी पांच वर्ष पूर्व रमेश कुमार गुप्ता निवासी जेठूपुर के साथ हुई थी और शादी के कुछ महीने बाद ही उसके घर वाले बार-बार दहेज की मांग करने लगे। आरोप है कि 14 मई 2017 को उनकी बहन रिंकी देवी को सुबह पांच बजे रमेश कुमार गुप्ता, श्याम सुंदर गुप्ता, दिनेश कुमार गुप्ता, बसंती देवी ने गला दबाकर हत्या कर दी। जब बहन के यहां गए तो वे लोग भोगांव घाट पर अंतिम संस्कार कर चुके थे। पुलिस ने इस मामले में दहेज हत्या सहित विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया था। जहां गवाहों के बयान और तर्कों को सुनने के बाद न्यायाधीश मधु डोंगरा की अदालत ने पति रमेश कुमार गुप्ता, श्याम सुंदर गुप्ता, दिनेश कुमार गुप्ता, बसंती देवी को 10-10 साल का कारावास और 30 हजार अर्थदंड की सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष से बहस-पैरवी शासकीय अधिवक्ता प्रवेश तिवारी ने की।