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Bhadohi News: 200 मीटर सड़क के तीन बार निकाले पांच लाख 80 हजार, सड़क जैसी की तैसी

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महदेपुर गांव में बदहाल सड़क। संवाद
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ज्ञानपुर। सुरियावां ब्लॉक के महदेपुर गांव में सरकारी पैसे की जमकर बंदरबांट हुई है। लगभग 200 मीटर की एक सड़क के लिए तीन बार में करीब पांच लाख 80 हजार रुपये निकाल लिए गए। लेकिन, इसके बाद भी सड़क की हालत जस की तस है। गांव में मुख्य चौराहे पर स्ट्रीट लाइट लगाए जाने के नाम पर दो बार में दो लाख रुपये धनराशि खर्च की गई। गांव में कहीं भी स्ट्रीट लाइट नहीं लगी। इसी तरह कई अन्य कार्यों में भी जमकर भ्रष्टाचार किया गया है। शासन की ओर से गांवों में विकास कार्यों को खूब पैसा जारी किया जा रहा है। नाली, खड़जा दुरुस्त कराने के साथ-साथ गांव में पंचायत भवन, स्ट्रीट लाइट व खेल मैदान आदि का निर्माण के लिए खूब पैसा भी जारी किया जा रहा है लेकिन पंचायत और सचिव के भ्रष्टाचार से यह फलीभूत नहीं हो पा रहा है। ई-ग्राम स्वराज से मिले आंकड़ों के बाद सुरियावां ब्लॉक के महदेपुर गांव की हकीकत देखी गई तो पता चला कि गांव में एक ही सड़क की मरम्मत और खड़ंजा बिछाने को लेकर तीन साल में तीन बार अलग-अलग लोकेशन डालकर पैसा निकाला गया। इसके बाद भी सड़क की दशा में सुधार नहीं हो सका। ई-ग्राम स्वराज के मुताबिक गांव में 2021-2022 में पिच रोड से लक्ष्मीशंकर के घर तक दो लाख रुपये, 2022-2023 में सचिन के घर से दलान के पूरब विजयनाथ के घर तक दो लाख 80 हजार और 2024-2025 में पिच रोड से मुन्ना पाठक के मशीन तक एक लाख रुपये निकाले गए। सड़क की हालत इतनी खराब है कि उस पर पैदल चलना भी मुश्किल है। इसी तरह 2024-2025 में गांव में स्ट्रीट लाइट के नाम पर दो बार दो लाख रुपये निकाले गए हैं। गांव में कहीं भी स्ट्रीट लाइट नहीं दिखी। खेल मैदान के बाउंड्रीवाल के लिए 50 हजार रुपये निकाले गए, जबकि गांव में खेल मैदान का अता-पता नहीं। प्रधान ने नया पंचायत भवन बनाया है लेकिन वह भी अधूरा है। पूरे गांव में एकल शौचालयों की हालत खस्ता है। गांव में कम से कम 70 से 80 एकल शौचालय बने हैं लेकिन इसकी हालत इतनी खस्ता है कि प्रयोग लायक नहीं है। गांव में बने एकल शौचालयों में 80 फीसदी से अधिक एकल शौचालय उपयोग लायक नहीं हैं। कई लोगों ने इसका प्रयोग करना भी छोड़ दिया है। लोगों का कहना है कि मरम्मत के नाम पर सर्वे की बात चली थी लेकिन उसके बाद भी कुछ पता नहीं चला।
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