स्बा के स्टेशन रोड पर बीते मंगलवार को विसर्जन जुलूस के दौरान पटाखा फटने से गंभीर रूप से घायल युवकों की हालत में तीसरे दिन काफी सुधार आया है। बृहस्पतिवार को वाराणसी के ट्रामा सेंटर में भर्ती शुभम विश्वकर्मा को होश आ गया है। वहीं राहुल तिवारी पहले से ही खतरे के बाहर है। घटना के बाद से ही लोग विसर्जन जुलूस में आतिशबाजी पर रोक लगाने की मांग कर रहे हैं। मंगलवार को स्टेशन रोड पर विसर्जन के लिए जाने से पहले जुलूस में पटाखा विस्फोट हो गया था। विस्फोट में कुल 16 लोग घायल हो गए थे। जिसमें शुभम की हालत सबसे ज्यादा गंभीर थी। हालत देख चिकित्सकों ने शुभम और राहुल को वाराणसी रेफर कर दिया। तीसरे दिन गंभीर रूप से घायलों में काफी सुधार आया है। शुभम विश्वकर्मा के पिता जयप्रकाश ने बताया कि अब शुभम की हालत में सुधार हो रहा है। कहा कि होश में आने पर शुभम ने परिजनों से बात की तो काफी राहत महसूस हुई। भदोही के निजी चिकित्सालय में भर्ती घायलों की हालत पहले से बेहतर बताई जा रहीं है। इस बीच लोगों ने विसर्जन जुलूस में आतिशबाजी पर रोक लगाने की मांग की है। बीते साल भी एक युवक आतिशबाज़ी में घायल हो गया था। जिसका इलाज काफी समय तक चला। प्रभारी निरीक्षक कुलदीप मिश्रा ने कहा की जांच की जा रहीं है। गंभीर रूप से घायल दोनों युवकों का बनारस में उपचार चल रहा है। अब दोनों खतरे से पूरी तरह से बाहर हैं।