अंतरराष्ट्रीय जंक फूड दिवस पर मंगलवार को जिला अस्पताल के मानसिक चिकित्सा विभाग में जागरूकता गोष्ठी का आयोजन हुआ। मनोचिकित्सक डॉ. अभिनव पांडेय ने बताया कि जंक फूड का अत्यधिक सेवन सीधे तौर पर अवसाद और मानसिक तनाव के खतरे को बढ़ाता है। कहा कि जो लोग नियमित रूप से जंक फूड खाते हैं, उनमें स्वस्थ आहार लेने वालों की तुलना में ज्यादा अवसाद होने की संभावना रहती है। जंक फूड में मौजूद अत्यधिक चीनी, खराब वसा (ट्रांस फैट) और रासायनिक तत्व हमारे मस्तिष्क की कार्यप्रणाली और हार्मोनल संतुलन को बिगाड़ देते हैं। इससे अवसाद जैसी समस्याएं होती हैं। मौके पर डॉ. अशोक पराशर व डॉ. शांति देवी मौजूद रहीं।