भदोही। केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और केंद्रीय वाणिज्य राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने बृहस्पतिवार को भारत मंडपम नई दिल्ली में फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट्स ऑर्गनाइजेशन (फियो) सहित विभिन्न निर्यात संवर्धन परिषदों के पदाधिकारियों के साथ बैठक की। फियो की ओर से मार्केट एक्सेस इनिशिएटिव (एमएआई) योजना में फंड की कमी बारे में मंत्री से चर्चा की गई। उन्हें बताया कि योजना में 200 करोड़ रुपये का फंड नाकाफी साबित हो रहा है। कोष को बढ़ाकर 500 करोड़ रुपये कर दिया जाना चाहिए। बैठक में कालीन निर्यात संवर्धन परिषद सीईपीसी का प्रतिनिधित्व प्रभारी चेयरमैन डॉ. रोमेश खजूरिया ने किया। बैठक में मार्केट एक्सेस इनिशिएटिव (एमएआई) योजना में फंड बढ़ाने की मांग की गई। कैबिनेट मंत्री ने वैश्विक बाजार तक पहुंच बढ़ाने, प्रमुख क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करके देश के निर्यात को बढ़ावा देने सहित व्यापारिक बाधाएं दूर करने की रणनीति पर भी प्रतिनिधियों से चर्चा की। इस दौरान निर्यातकों ने अपने उद्योग से जुड़ी समस्याएं बताते हुए उन्हें दूर करने की भी मांग की। सीईपीसी की ओर से कालीन उद्योग की समस्याएं बताने पर केंद्रीय वाणिज्य मंत्री ने अलग से सीईपीसी को समय देने का आश्वासन दिया।
शाम 6 बजे शुरू हुई बैठक देर रात तक चली। इस बावत चेयरमैन ने बताया कि केंद्रीय मंत्री के साथ साथ राज्यमंत्री जितिन प्रसाद से भी मुलाकात के दौरान कई समस्याओं की जानकारी दी गई। बैठक में फियो ने केंद्रीय मंत्री से मंत्रालय मे अलग प्रभाग बनाने पर जोर दिया जहां केवल व्यापारिक बाधाएं दूर करने के विषय में वार्ता और निवारण हो सके। दोबारा वाणिज्य मंत्रालय का पद संभालने के बाद वे पहली बार उद्यमियों के साथ समीक्षा बैठक कर रहे थे। बैठक में सीईपीसी के चेयरमैन के अलावा पीयूष बरनवाल, शेख आशिक कुलदीप राज वाटल और जगमोहन भी थे।