कोरोना संक्रमण का चेन तोड़ने के लिए शासन- प्रशासन की ओर से लोगों से अधिक से अधिक संख्या में टीकाकरण कराने की अपील की जा रही है। शहरी क्षेत्रों की तुलना में अभी ग्रामीण क्षेत्रों में टीकाकरण की रफ्तार काफी धीमी है। कोरोना रोधी टीका लेने में ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों की उदासीनता प्रशासनिक समेत समाज के लिए बड़ी समस्या बन रही है। कोरोना एक व्यक्ति से अनेक में पहुंचता है। जब तक हर व्यक्ति सुरक्षित नहीं होगा तब कोरोना पर काबू नहीं पाया जा सकता। लिहाजा टीका को लेकर फैले भ्रम को मिटाने और लोगों को जागरूक करने को लेकर प्रशासनिक महकता और स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह गंभीर है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. लक्ष्मी सिंह ने बताया है लोगों को जागरूक करने की कोशिश की जा रही है। गांवों में सक्रिय समितियों संग प्रधान, लेखपाल, आंगनबाड़ी का सहयोग लिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि टीका लेने से कोई नुकसान नहीं है। टीका लेने के बाद किसी-किसी को बुखार आ सकता है। यह सामान्य बात है। कोरोना से बचाव के लिए टीका ही एकमात्र उपाय है। हर आदमी टीका लेकर अपने और अपने परिवार को कोरोना से बचाएं। सुरियावां सीएचसी अधीक्षक डॉ. आरबी पाठक ने बताया है कि टीका पूरी तरह सुरक्षित है। किसी भ्रम व अफवाह ना पड़े। खुद के साथ अपने परिवार और रिश्तेदारों को टीका जरूर दिलवाएं। यही टीका हमें कोरोना से बचाता है। यह टीका संक्रमण से लड़ने में पूर्ण रूप से सक्षम है। इससे कोई खतरा नहीं है।