मेंटनेस कर्मचारियों की खानापूर्ति से इन दिनों राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर मुख्य लेन समेत सर्विसलेन, बाजार, चौराहा, तिराहा अंधेरे में है। मजबूरी में राहगीर और वाहन चालक अंधेरे में आवागमन कर किसी न किसी अनहोनी की चिंता में हैं। रविवार को उद्योग व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष श्रीकांत जायसवाल ने राजमार्ग मंत्रालय शिकायत कर हिदायत दिया है कि दो दिन में खराब स्ट्रीट लाइटों को ठीक कराकर अंधेरा दूर नहीं कराया जा सका तो आगे की रणनीति तैयार की जाएगी। आरोप लगाया है कि छह लेन निर्माण के तहत प्राधिकरण ने करोड़ों खर्च कर पूर्वी सीमा बाबूसराय और पश्चिमी सीमा ऊंज तक मुख्य लेन, सर्विसलेन, ओवरब्रिज, अंडरपास पर स्ट्रीट लाइट लगवाया गया है। लाइट के उपकरण लगाते समय ही मानक की अनदेखी का विरोध हुआ जिसको नजरंदाज कर प्राधिकरण के अधिकारियों ने कार्यदाई संस्था को मनमानी करने की छूट दे दी। मनमानी का परिणाम यह है कि लाइटें कब और कहां खराब होकर अंधेरा को कायम कर दे रही कोई नहीं जानता। उदाहरण के रुप में गोपीगंज ओवरब्रि ज झिलिया पुल, जंगीगंज, ऊंज, कुरमैचा, नटवां, महाराजगंज पर एक माह से अंधेरा है। मेंटनेस कर्मचारी प्रतिदिन विभागीय वाहन पर हंडिया से राजातालाब तक चक्रमण करतीं है लेकिन समस्या को दूर नहीं किया जाता है। अंधेरे के कारण बाजाचार, चौराहा, तिराहा अंधेरा पसरा रहता है। सर्विसलेन के किनारे राजमार्ग और औराई, ज्ञानपुर तहसील के खाते में दर्ज सरकारी जमीनों पर अवैध अतिक्रमण, बिना पंजीकरण के होटल-ढाबे पर देर रात तक संदिग्ध लोगों की उपस्थिति किसी न किसी आपराधिक गतिविधि को बढ़ाने में मौका नहीं छोड़ते। पुलिस प्रशासन भी औपचारिकता तक सीमित है। जिला प्रशासन से शिकायत का प्राधिकरण पर असर नहीं है।