ज्ञानपुर/सुरियावां। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सुरियावां के खाते में एक और उपलब्धि जुड़ गई है। केंद्र सरकार के स्वच्छ भारत मिशन के तहत नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड (एनक्यूएएस) के मानक के तहत की गई मानिटरिंग में अस्पताल ने 79.64 फीसदी अंक प्राप्त किया है। मंडल में अकेले यह मुकाम हासिल किया है। सूबे में मात्र 10 सीएचसी को यह उपलब्धि मिली है।
नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है। इसके तहत पब्लिक हेल्थ फैसिलिटी की ओर से गुणवत्ता परक स्वास्थ्य सेवाएं मानकों के आधार पर प्रदान होती हैं। सरकार की बनाई गई चेक लिस्ट के आधार पर चिकित्सालय का असेसमेंट किया जाता है। असेसमेंट तीन चरणों में किया जाता है, जिसमें चिकित्सालय में तैनात हास्पिटल क्वालिटी मैनेजर क्वालिटी टीम की ओर से इंटरनल असेसमेंट निर्धारित चेक लिस्ट के आधार पर किया जाता है। किसी चिकित्सालय का इंटरनल स्कोर जब 70 फीसदी या उससे अधिक होता है, तब स्टेट की ओर से चिकित्सालय का असेसमेंट किया जाता है। यदि चिकित्सालय पियर असेसमेंट में 70 फीसदी से अधिक स्कोर प्राप्त करता है, तब उसी स्थिति में चिकित्सालय का भारत सरकार से अन्य प्रांत की ओर से असेसमेंट कराया जाता है। भारत सरकार से सीएचसी के लिए अलग-अलग विभागों के लिए तीन हजार बिंदुओं पर मानक निर्धारित किया गया है। इसका त्रिस्तरीय टीम मूल्यांकन करती है। सीएचसी सुरियावां में ओपीडी, आइपीडी, लेबर रूम, लैब, फार्मेसी, इमरजेंसी, बायोवेस्ट, स्पोर्टिंग सिस्टम व एडमिनिस्ट्रेशन का कई बिंदुओं पर असेसमेंट किया गया। प्रथम चरण में जिले के अधिकारी, द्वितीय चरण में मंडल के अधिकारी और तृतीय चरण में दूसरे प्रांत से आए अधिकारी सत्यापन करने के लिए आते हैं। अस्पताल को 79.64 फीसदी अंक प्राप्त हुआ। सीएचसी अधीक्षक डॉ. आरबी पाठक ने कहा कि अस्पताल के कर्मियों की मेहनत से यह मुकाम मिला है। भविष्य में मैन पावर पूर्ण हो जाएगा तो अस्पताल की रैंक और भी बेहतर होगी। सीएमओ डॉ. संतोष कुमार चक ने कहा कि स्वास्थ्य सुविधाओं में तेजी से सुधार हो रहा है। भविष्य में प्रदेश में पहला स्थान प्राप्त करने का प्रयास रहेगा।