ज्ञानपुर। जिले में दो से नौ फरवरी तक होने वाली इंटरमीडिएट की प्रायोगिक परीक्षा 97 केंद्रों पर होगी। माध्यमिक शिक्षा परिषद ने बुधवार की शाम को केंद्रों की सूची जारी कर दी। सूची आते ही शिक्षा विभाग प्रायोगिक परीक्षा कराने की तैयारी में जुट गया है। 20 से कम विज्ञान वर्ग के विद्यार्थी वाले विद्यालयों को केंद्र नहीं बनाया गया है। परीक्षा कराने के लिए एक फरवरी तक परीक्षक भी जिले में आ जाएंगे। जिले में 18 फरवरी से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा होगी। उसके पहले प्रायोगिक परीक्षा कराई जानी है। पहले चरण में पश्चिम यूपी के जिले में परीक्षा चल रही है जबकि दूसरे चरण में भदोही समेत पूर्वांचल के दूसरे जिले में परीक्षाएं होंगी। माध्यमिक शिक्षा परिषद ने इंटरमीडिएट की प्रायोगिक परीक्षा के लिए 97 विद्यालयों को केंद्र बनाया है। विज्ञान की मान्यता लेने वाले विद्यालय ही केंद्र बनाए गए हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान ने बताया कि इस बार 20 से कम विज्ञान वर्ग के विद्यार्थी वाले विद्यालयों को केंद्र नहीं बनाया गया है। उन स्कूल के छात्र-छात्राओं का आसपास के विद्यालयों में सेंटर जाएगा। प्रायोगिक परीक्षा में करीब 18 हजार छात्र-छात्राएं शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में परीक्षा होगी। परीक्षा की निगरानी के लिए सेक्टर मजिस्ट्रेट को नामित किया जा रहा है। तिथि निर्धारण होते ही डीआईओएस कार्यालय में गहमागहमी बढ़ गई है। जिन स्कूलों को विज्ञान वर्ग की मान्यता नहीं है। वह छात्र-छात्राओं की संख्या की सूची कार्यालय में जमा करने के लिए पहुंच रहे हैं। डीआईओएस ने बताया कि पहली बार प्रयोगात्मक परीक्षा के दौरान परीक्षा कक्ष, प्रयोगशाला और मूल्यांकन स्थल पर सीसीटीवी कैमरे कार्यशील स्थिति में रहेंगे। उनकी रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखी जाएगी। इससे जरूरत पड़ने पर उसकी जांच की जा सके। इसके अलावा परीक्षार्थियों की उपस्थिति, प्रश्नपत्र वितरण, मूल्यांकन प्रक्रिया और अंक अपलोड करने तक की पूरी प्रक्रिया का विधिवत रिकॉर्ड रखा जाएगा।