ज्ञानपुर। डिस्ट्रक्टि बार एसोसिएशन के बैनर तले अधिवक्ताओं की मंगलवार को सरपतहां स्थित अधिवक्ता चेंबर में बैठक हुई। इसमें 25 मई को हुए धरने पर अधिवक्ताओं के खिलाफ दर्ज मुकदमे को लेकर नाराजगी जताई गई। साथ ही अविलंब केस वापस लेने की मांग की गई। अधिवक्ताओं ने चेताया कि यदि जल्द ही कोई निर्णय न लिया गया तो आंदोलन करने को विवश होंगे। इस अवसर पर डिबाए अध्यक्ष रविंद्र नाथ मिश्र ने कहा कि संस्था के भवन निर्माण के लिए धन स्वीकृति की मांग को लेकर 25 मई को मुख्य गेट के पास धरना-प्रदर्शन किया गया था। उसके पूर्व डीएम को प्रार्थना पत्र देकर कार्यक्रम की जानकारी दी गई। डीएम ने अपने प्रतिनिधि को भेजकर मांगपत्र लिया, लेकिन पुलिस ने आंदोलन करने वाले अधिवक्ताओं पर मुकदमा दर्ज किया, जो निंदनीय है। अधिवक्ताओं ने पुलिस के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पारित कर कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया। महासचिव संतोष कुमार दूबे ने कहा कि पुलिस ने फर्जी मुकदमा वापस नहीं लिया तो अधिवक्ता आर-पार की लड़ाई के लिए बाध्य होंगे। जिसकी सारी जिम्मेदारी पुलिस और प्रशासन की होगी।