ज्ञानपुर। सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय व ऑर्ट ऑफ लिविंग संगठन के संयुक्त तत्वावधान में सोमवार को नगर के एक स्कूल में नशा मुक्त भारत अभियान के तहत जागरूकता कार्यशाला का आयोजन हुआ। इसमें ऑर्ट ऑफ लिविंग के शिक्षक अनूज सिंह ने नशे के दुष्परिणामों के साथ सामाजिक, आर्थिक और शारीरिक नुकसान के बारे में बताए। उन्होंने नशे से दूर रहने के उपाय बताए।
उन्होंने बताया कि नशा मुक्ति के लिए योग व प्राणायाम बेहतर साधन हो सकता है। उन्होंने बच्चों और शिक्षकों को पंचकोश ध्यान के बारे में बताया। इससे वे अपने मन को शांत और एकाग्र कर पाएंगे और विपरीत परिस्थितियों में भी मन को संतुलित रख सकेंगे। कहा कि जीवन उतार-चढ़ाव से गुजरता है। कई बार ऐसी स्थितियां आती हैं तो बच्चे नशे की ओर मुड़ जाते हैं। जब हम नियमित ध्यान करते हैं तो डोपामिन हैप्पी हार्मोन निकलता है। इसके कारण प्रसन्नता रहती है और नशे की ओर जाने में कोई रुचि नहीं रखते हैं। आदर्श बरनवाल ने सभी को नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई। कार्यशाला में पॉल्सन फिलिप, कपिल मुनी तिवारी समेत 500 से अधिक बच्चे और अध्यापक मौजूद रहे। अभिनव ने धन्यवाद ज्ञापित किया।