ज्ञानपुर। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत 790 बच्चों को कान्वेंट विद्यालयों में प्रवेश मिलेगा। सोमवार को कलेक्ट्रेट में एडीएम राजस्व एवं वित्त कुंवर वीरेंद्र मौर्य की देखरेख में दूसरे चरण की लॉटरी खोली गई। 1249 आवेदन में 790 की किस्मत जगी, जबकि 459 की उम्मीदों को झटका लगा। पहले चरण में 1637 बच्चों को प्रवेश मिला था।
आरटीई के तहत निजी अंग्रेजी माध्यम विद्यालयों में 25 फीसदी सीटों पर गरीब बच्चों को प्रवेश दिलाया जाता है। इनके पढ़ने से लेकर कॉपी-किताब तक का खर्च शासन स्तर से वहन किया जाता है। शिक्षा सत्र 2024-25 के लिए जनवरी में पहले चरण के आवेदन लिए गए। इसमें ढाई हजार बच्चों ने ऑनलाइन आवेदन किए। फरवरी के अंतिम सप्ताह में लॉटरी सिस्टम से 1637 बच्चों को निजी स्कूलों में प्रवेश दिलाया गया। दूसरे चरण में कुल 1964 बच्चों ने प्रवेश के लिए आवेदन किए। खंड शिक्षा अधिकारियों की ओर से सत्यापन के बाद 715 आवेदन निरस्त हो गए। सोमवार को एडीएम और बेसिक शिक्षा अधिकारी भूपेंद्र नारायण सिंह की मौजूदगी में 1249 आवेदनों की लॉटरी खोली गई। इनमें 790 की किस्मत जग गई। अब विभाग के सहयोग से उनको 15 अप्रैल तक विद्यालयों में प्रवेश दिलाया जाएगा। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने बताया कि तीसरी सूची के लिए 15 अप्रैल से आठ मई तक आवेदन प्रक्रिया होगी। 15 मई तक जिला स्तर पर आवेदन का सत्यापन और 16 मई को लॉटरी निकाली जाएगी। लॉटरी के बाद 23 मई तक बच्चों का स्कूलों में नामांकन कराया जाएगा। चौथी व अंतिम सूची के लिए एक जून से 20 जून तक ऑनलाइन आवेदन होंगे और 27 जून तक आवेदनों का जिला स्तर पर सत्यापन कराया जाएगा। 28 जून को लॉटरी के बाद सात जुलाई तक बच्चों का विद्यालयों में प्रवेश कराया जाएगा।