जंगीगंज। इलाके के धनीपुर गांव में आयोजित भागवत कथा में बुधवार को कथाचावक विनोद माधव महाराज ने ध्रुव चरित्र पर कथा सुनाई। उन्होंने बताया कि ध्रुव के पिता उनके साथ सौतेला व्यवहार करते। वे ध्रुव की सौतेली मां के पुत्र को प्यार करने लगते हैं और उसे सिंहासन पर बैठाते हैं। तभी से ध्रुव के बाल मन में वैराग्य उत्पन्न हो जाता है और वह तपस्या के लिए वन चले जाते हैं। भगवान उनकी तपस्या से वर मांगने को कहते हैं। ध्रुव वर में भगवान से राजा के सिंहासन से ऊंचा स्थान मांगते हैं। भक्त अपने भक्ति के बल पर भगवान को भी पा लेते है। मौके पर नवल किशोर मिश्र, धनंजय मिश्र, राजबली उपाध्याय, जय शंकर, कृष्णचंद, शिव प्रसाद आदि रहे।