बस्ती। सरयू नदी का जलस्तर बुधवार से फिर बढ़ने लगा है। पहाड़ी राज्यों में हुई भारी बारिश के चलते नदी उफान की ओर बढ़ रही है। केंद्रीय जल आयोग अयोध्या के अनुसार जलस्तर 91.30 मीटर पर रिकार्ड किया गया है। चेतावनी बिंदु 91.73 से महज 43 सेंटीमीटर नीचे होकर नदी बह रही है। जबकि खतरे का निशान 92.730 मीटर पर है।
नदी का जलस्तर बढ़ने से निकटवर्ती गांवों में हलचल तेज हो गई है। दुबौलिया क्षेत्र में तटबंध और नदी के बीच बसे आधा दर्जन अतिसंवेदनशील गांवों में फिर से दहशत बढ़ने लगी है। सुविखा बाबू, विशुनदासपुर की अनुसूचित बस्ती, टेढवा, भुवरिया, सतहा आदि गांव के नागरिक बाढ की आंशका से सहम गए हैं। कटरिया-चांदपुर तटबंध के कटरिया गांव के सामने ठोकर नंबर एक पर नदी का दबाव बना हुआ है। गौरा-सैफाबाद तटबंध पर टकटकवा से लेकर दलपतपुर गांव के सामने तक नदी की धारा तटबंध से सट कर बह रही है। कटरिया-चांदपुर तटबंध पर चल रहे मरम्मत कार्य समाप्ति की ओर है। गौरा-सैफाबाद तटबंध के मोजपुर गांव के सामने बन रहा ठोकर अभी भी पूरा नही हो सका है। जिससे तटबंध वा नदी के बीच बसे मोजपुर, किशुनपुर, कनघुसरा, उमरिया आदि गांव के ग्रामीण सकते में है। गौरा-सैफाबाद तटबंध के एसडीओ हरिश्चंद्र ने बताया की नदी धीरे- धीरे बढ़ रही है। मोजपुर ठोकर का निर्माण कार्य जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा।