घटना के 13 महीने के अंदर कोर्ट ने किया फैसला, छह हजार का अर्थदंड भी
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सप्तम/विशेष न्यायाधीश एमपीएमएल कोर्ट ने अपहरण एवं शादी का झांसा देने के मामले में दीनदयाल को दोषी करार दिया है। उसे पांच साल के कारावास की सजा व छह हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई हैं। अर्थदंड न अदा करने पर दो साल की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी। कोर्ट ने यह फैसला घटना के 13 महीने के अंदर सुनाया है।
मामला मुंडेरवा थाना क्षेत्र का है। पीड़ित पक्ष की ओर से एडीजीसी अजय बहादुर पाल ने कोर्ट को बताया कि घटना दो अक्तूबर 2022 की रात की है। पीड़िता के पिता ने मुंडेरवा थाने में तहरीर देकर कहा कि उसकी 17 साल की पुत्री को दीनदयाल व भाई पंकज ग्राम ककरही थाना महुली, जनपद संतकबीरनगर व एक अन्य व्यक्ति शादी करने का झांसा देकर भगा ले गए। रात में पीड़िता को गोरखपुर गीडा स्थित एक होटल में रखा। पीड़िता के विरोध करने पर दूसरे दिन उसे ग्राम अहरा के पास गाड़ी से उतार कर भाग गए। इस मामले में पुलिस ने केस दर्ज किया।
दौरान विवेचना पुलिस ने घटना स्थल का निरीक्षण कर मानचित्र तैयार किया। गवाहों का बयान दर्ज किया गया। विवेचक ने आरोपी दीनदयाल के विरुद्ध साक्ष्य संकलित कर चार्जशीट न्यायालय में दाखिल कर दिया। इस मामले में दोनों पक्षों की ओर से सुनवाई करते हुए न्यायाधीश प्रमोद कुमार गिरि ने मुख्य आरोपी दीनदयाल को दोषी करार दिया। जबकि उसके भाई पंकज की सुनवाई उच्च न्यायालय के स्थगन आदेश की वजह से नहीं हो सकी हैं। न्यायिक अभिरक्षा में मौजूद दीनदयाल को सजा के उपरांत जेल भेज दिया गया।