अधिकारियों की टीम ने बस से कांवड़ मार्ग का किया भ्रमण
बस्ती। कांवड़ यात्रा को लेकर प्रशासन अलर्ट हो गया है। मंगलवार को मंडलायुक्त अखिलेश सिंह और आईजी आरके भारद्वाज की अगुवाई में अधिकारियों की टीम बस में सवार होकर बाबा भद्रेश्वरनाथ धाम से लेकर अयोध्या बार्डर तक भ्रमण की। इस दौरान रास्ते में दिखे गड्ढों, तितर बितर रखे गिट्टी, मोरंग एवं अन्य समस्याओं को तत्काल खत्म कराने के निर्देश दिए गए। भ्रमण के बाद बैठक भी हुई।
आयुक्त ने कहा कि कांवड़ यात्रा में लगाए गए अधिकारी सभी तरह की तैयारियां समय रहते पूर्ण कर लें। यह एक धार्मिक यात्रा है, इसमें शामिल कांवड़ियों की सुविधा के हर संभव प्रयास किए जाए। इस बार दुर्घटना मुक्त कांवड़ यात्रा कराने के लिए सभी अधिकारी, कर्मचारी संकल्पित हो। किसी प्रकार की शिथिलता क्षम्य नहीं होगी। आयुक्त ने कांवड़िया संघ के पदाधिकारियों से प्रशासन काे पूर्ण सहयोग करने की अपेक्षा जताई। कहा कि यात्रा के दौरान प्रशासन और कांवड़िया संघ में बेहतर तालमेल होना चाहिए। दोनों एक दूसरे से जानकारियां सांझा करें। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील किया कि वे ट्रैक्टर ट्राली से कांवड़ यात्रा में न शामिल हो। दो पहिया वाहन से चलने वाले कावड़िएं तेज गति से वाहन न चलाए। हेलमेट का प्रयोग अवश्य करें। आईजी ने कहा कि कांवड़िया संघ अपने पदाधिकारी तथा पंडाल में लगाए जाने वाले सेवादारों का नाम, पता एवं मोबाइल नंबर संबंधित क्षेत्र के एसडीएम एवं थानाध्यक्ष को उपलब्ध करा दिया जाए। डीएम प्रियंका निरंजन ने कहा कि यात्रा के दौरान ध्वनि यंत्र की ऊंचाई 12 फीट से ज्यादा न हो। ड्रोन कैमरे से पूरे यात्रा की निगरानी की जाएगी। पुष्प वर्षा कर कांवड़ियों का स्वागत होगा। कांवड़ मार्ग को विभिन्न सेक्टरों में बांटकर टीम तैनात की जाएगी। इसमें चिकित्सक, पैरामेडिकल स्टाफ, लेखपाल, ग्राम सचिव, पंचायत सहायक तथा चार-चार सफाई कर्मचारी शामिल रहेंगे। प्रत्येक थाने पर विद्युत व्यवस्था के लिए जेई अथवा एसडीओ भी तैनात रहेंगे। उन्होंने अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत तथा जिला पंचायत राज अधिकारी को निर्देशित किया कि मुख्य पड़ाव स्थलों पर अस्थाई शौचालयों का निर्माण कराए और भद्रेश्वर नाथ मंदिर पर सीसीटीवी कैमरा लगवाए। अमहट घाट पर मोटर बोट, नाव, तैराकी, प्रकाश व्यवस्था, स्पीकर सिस्टम, डारीडीहा तथा भद्रेश्वर नाथ मंदिर में कंट्रोल रूम की स्थापना की जाए। एआरटीओ मुख्य पड़ाव स्थलों स्टाल लगाकर हेलमेट की व्यवस्था सुनिश्चित कराए। विद्युत विभाग को 12 जुलाई की आधी रात से 15 जुलाई तक निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित कराने को कहा गया। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण दो अतिरिक्त एंबुलेंस की व्यवस्था के साथ गड्ढों को भी भरवाना सुनिश्चित करें। सीएमओ से प्रत्येक एसीएमओ तथा डिप्टी सीएमओ को सीएचसी/पीएचसीवार नोडल नामित करने को कहा गया। यात्रा के दौरान तीन दिनों तक उनका रात्रि निवास संबंधित कार्यस्थल पर होना तय किया गया है। एसपी गोपाल कृष्ण चौधरी ने बताया कि कावड़ यात्रा के दौरान 12 जुलाई की मध्य रात्रि से 15 जुलाई को दोपहर तक राष्ट्रीय राज मार्ग पूरी तरह बंद रहेगा। केवल एंबुलेंस तथा शव वाहन के जाने की अनुमति होगी। इस मौके पर बाबा नंदानाथ, राजेश गिरी, जगदीश अग्रहरि, राजकुमार पांडेय, एडीएम कमलेश चंद्र, एएसपी दीपेंद्रनाथ चौधरी, एसडीएम गुलाबचंद आदि मौजूद रहे।