- गौर ब्लाॅक में वर्ष 2019 से अधिकांश सचिव तैनात हैं
संवाद न्यूज एजेंसी
गौर। लोकसभा चुनाव को देखते हुए सरकार के निर्देश पर सभी विभागों में लंबे समय से जमे अधिकारियों-कर्मचारियों के ट्रांसफर व पोस्टिंग किए जा रहे हैं। लेकिन गौर ब्लाॅक में पांच वर्ष से अधिक समय बीत गए। मगर अभी भी अधिकतर सचिव एक ही ब्लॉक में जमे हैं और अपने मनमर्जी से गांवों में पोस्टिंग कराकर जमे हैं।
गौर ब्लाॅक में कुल 108 ग्राम पंचायत हैं। जहां गांवों के विकास के साथ सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाओं के क्रियान्वयन हेतु 17 सेक्रेटरी को तैनात किया गया है। लेकिन इनमें से अधिकांश सचिव पांच वर्ष से अधिक का समय बीत गया और एक ही ब्लॉक में मन माफिक पोस्टिंग कराकर जमे हुए हैं। अधिकांश सचिवों के पास कई ग्राम पंचायत का चार्ज है। ऐसे में गांवों में सप्ताह में भी सचिव दिखाई नहीं देते। कई वर्षों से एक ही ब्लॉक में सचिवों के जमे होने से ग्रामीण भी सवाल खड़ा कर रहे हैं।
ब्लॉक में वर्ष 2019 से सचिव कृष्णानंद शाह, अनुपम चौधरी, कौशलेंद्र पाल, राकेश कुमार, श्याम प्रकाश भारती, सुधीर सिंह, संजीव कुमार एक ही ब्लॉक में जमे हैं। इसी तरह सचिव बृजेश यादव और आरती सिंह 2021 से तैनात हैं। जबकि महेंद्रनाथ सितंबर 2020 से गौर ब्लाॅक में तैनात हैं।
सचिव के ट्रांसफर और पोस्टिंग का कार्य डीपीआरओ स्तर से होता है। रही बात ग्राम पंचायत के आवंटन का तो कर्मचारियों के कमी के चलते कुछ सचिवों के पास अधिक ग्राम पंचायत का प्रभार है। सभी सचिव निर्देशों का पालन करते हुए सरकार की महत्वाकांक्षी योजनाओं के क्रियान्वयन हेतु कार्य कर रहे हैं।
- राजेश कुमार सिंह, बीडीओ
एक ब्लॉक में अधिकतम तीन वर्ष तक सचिव रह सकते हैं। जिले के सभी ब्लॉकों में जो कर्मचारी लंबे समय से तैनात हैं। उनकी सूची तैयार कराई जा रही है। जो कर्मचारी समय से ज्यादा अवधि पूरी कर चुके हैं। उनका ट्रांसफर किया जाएगा।
- रतन कुमार, डीपीआरओ
27जेएनडी13: मीटिंग को संबोधित करते हुए वक्ता। स्त्रोत संगठन