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Basti News: लान निशान से ऊपर बह रही सरयू, चौबीस घंटे में 20 सेमी जलस्तर घटा

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- नदी और तटबंध के बीच बसे पांच गांवों की कम नहीं हुईं दुश्वारियां
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- जलस्तर कम होने से कटान की आशंका बढ़ी, नागरिकों में दहशत
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती/ दुबौलिया। सरयू नदी का जलस्तर फिर घटने लगा है। चौबीस घंटे में नदी 20 सेंटीमीटर नीचे आ गई है। फिर भी नदी लाल निशान से 29 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। नदी और तटबंध के बीच बसे पांच गांवों की दुश्वारियां अभी कम नहीं हुई हैं। आसपास रहने वालों का रहना व खाना मुहाल हो गया है। सुविका बाबू और विशुनदासपुर की अनुसूचित बस्ती का संपर्क मुख्य मार्ग से टूट गया है। लोगों की जिंदगी नाव के सहारे होकर रह गई है।
केंद्रीय जल आयोग अयोध्या के अनुसार बृहस्पतिवार को नदी लाल निशान 92.730 मीटर से 29 सेंटीमीटर ऊपर होकर 93.02 मीटर पर प्रवाहित हो रही थी। जबकि बुधवार को नदी का जलस्तर लाल निशान से 49 सेंटीमीटर ऊपर था। जलस्तर घटने से बाढ़ प्रभावित गांवों में कटान की आंशका बढ़ गई है। जलमग्न गांव विशुनदासपुर की अनुसूचित बस्ती, आंशिक टेढ़वा, सुविका बाबू तथा नदी उस पार स्थित देवारागंगबरार के बस्ती व कुर्मिआना सहित पांच गांव के लोगों की दिनचर्या नाव पर निर्भर होकर रह गई है। विशुनदासपुर अनुसूचित बस्ती के लोग घुटने भर पानी में होकर तटबंध तक आ- जा रहे हैं। वहीं सुविका बाबू गांव के लोग नाव से ही अपनी दैनिक जरूरतों को पूरा कर रहे हैं। पशुओं के लिए चारे की आपूर्ति या बच्चों का स्कूल आना-जाना नाव से ही संभव हो पा रहा है।
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एसडीएम कर रहे लगातार कैंप

एसडीएम हर्रैया गुलाब चंद्र लगातार बाढ़ प्रभावित गांव सुविका बाबू, विशुनदासपुर अनुसूचित बस्ती में जाकर जलस्तर बढ़ने के कारण लोगों से सजग रहने की अपील कर रहे हैं। वह खुद तटबंध पर ही टीम के साथ लगातार कैंप भी कर रहे हैं।
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घुटने भर पानी में घुस गईं डीएम, पैदल पहुंची बाढ़ पीड़ितों के बीच
दुबौलिया। डीएम प्रियंका निरंजन बृहस्पतिवार दोपहर बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में पहुंची। वह विशुनदासपुर अनुसूचित बस्ती में पहुंचने के लिए घुटने भर पानी में घुस गईं। वह पानी में पैदल चलते हुए वह लोगों के बीच पहुंचीं। उनके साथ अन्य अधिकारियों को भी पानी में घुसकर पैदल चलना पड़ा। डीएम ने बाढ़ पीड़ितों का हाल जाना। ग्रामीणों को समझाया कि जलस्तर बढ़ने के कारण सभी लोग सचेत रहे। कहा कि आप लोग यहां नए मकान मत बनाइएगा। बाढ़खंड के अधिशासी अभियंता दिनेश कुमार को गांव के पास नई परियोजना स्वीकृत कराने का निर्देश दिया। इसके बाद डीएम कटरिया- चाॅदपुर तटबंध पर पहुंची। उन्होंने तटबंध पर ही सुविका बाबू गांव के लोगों की समस्याओं को सुना। भाजपा नेता चतुर्गुन राजभर ने डीएम को बताया की पिछले वर्ष आई बाढ़ में सुविका बाबू गांव के कुछ किसानों को फसल की क्षतिपूर्ति नहीं मिली है। डीएम ने एसडीएम को समस्या के निस्तारण का निर्देश दिया। इसके बाद डीएम विशुनदासपुर अनुसूचित बस्ती के लोगों के लिए चयनित विस्थापित स्थल का भी निरीक्षण किया। कहा कि इसका मैप तैयार कराकर माॅडल कालोनी बनाई जाए। इस स्थल तक जिला पंचायत से सड़क का निर्माण कराया जाए। इस मौके पर एसडीएम गुलाबचंद चंद्र, अधिशासी अभियंता बाढ़खंड दिनेश कुमार, बीडीओ विनोद सिंह, डाॅ. अजय गौड़, भगवान बक्स सिंह, राजस्व निरीक्षक अजीत सिंह आदि मौजूद रहे।
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