हर्रेया ब्लॉक के प्राथमिक विद्यालय में बच्चों को पढ़ाते रिटायर शिक्षक राम मगन
महराजगंज/ बस्ती। कर्तव्यनिष्ठ व्यक्ति सेवाकाल की समाप्ति के बाद भी कर्म पथ से अपने को अलग नहीं कर पाता है। शिक्षक राम मगन सेवानिवृत्त हो चुके हैं। बीमारी के चलते सेहत भी खराब रहती है, लेकिन बच्चों को पढ़ाने की लगन उनमें कम नहीं हुई है। अध्यापन कार्य उनकी आदत में शुमार है। जिसे देख हर कोई उनके सम्मान में शीश झुका लेता है।
हर्रैया ब्लॉक के निपनियां गांव के रहने वाले रिटायर शिक्षक राम मगन रिटायर होने के बाद अपने गांव के स्कूल में बच्चों को सात साल से निशुल्क पढ़ा रहे है।अन्य शिक्षकों के लिए वह प्रेरणास्रोत बन गए हैं। वह अपने कर्तव्य पथ पर अडिग रहने के चलते चर्चा में भी रहते हैं। उनके इस सराहनीय कार्य से क्षेत्र के शिक्षक और अभिभावक सभी उनका सम्मान करते हैं। वह 31 मार्च वर्ष 2016 में कप्तानगंज ब्लॉक के पूर्व माध्यमिक विद्यालय बरहटा के प्रधानाध्यापक पद से सेवानिवृत्ति हुए थे। इसके बाद घर उन्हें सूनापन महसूस होने लगा। निर्णय लिया कि वह गांव के ही प्राथमिक विद्यालय में बच्चों को निशुल्क शिक्षा देंगे। तभी से नियमित अध्यापन कार्य में जुट गए। शिक्षक राम मगन बताते हैं कि 39 वर्ष से अधिक समय बच्चों के बीच में गुजरा है। अब बच्चों से अलग नहीं रह सकते हैं। बच्चों के बीच में रहकर उन्हें पढ़ाने से सुकून मिलता है। वह सेवारत शिक्षक की भांति सुबह 8 बजे स्कूल में पहुंच जाते हैं। छुट्टी होने के बाद ही वह स्कूल से घर लौटते हैं। बच्चे भी अनुशासित ढंग से उनसे शिक्षा ले रहे हैं। विद्यालय के वरिष्ठ शिक्षक अखिलेश कुमार सिंह, जगदीश प्रसाद समेत अन्य स्टाफ उन्हें गुरुजी कहते हैं। क्षेत्र के डॉ. योगेश सिंह, प्रवीण सिंह, प्रशांत सिंह कहते हैं कि राम मगन जैसे ईमानदार शिक्षक ही समाज को बदल सकते हैं।