बस्ती। सच कहा गया है कि प्रतिभा संसाधनों की मोहताज नहीं होती है। बस इसे तलाश होती है उड़ान भरने के लिए अवसर की। जिले के ईजरगढ़ गांव के लक्ष्य सिंह ने भी कुछ ऐसा ही कर दिखाया। आंखों में सपना सजाए पहले उन्होंने नीट परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए बढि़या अंक अर्जित किया। अब उनका दाखिला डाॅक्टरी की पढा़ई के लिए सशस्त्र सेना चिकित्सा महाविद्यालय में हुआ है। वह अब डॉक्टर की डिग्री के साथ सेना में कैप्टन रैंक भी प्राप्त करेंगे।
लक्ष्य ने बताया कि उनका सपना था कि सेना में जाकर देश सेवा करें। लक्ष्य ने प्राथमिक स्तर की पढ़ाई गांव के बगल कस्बे से की है। लिटिल फ्लावर स्कूल कलवारी उनकी पहली पाठशाला थी। बचपन से ही पढ़ने में होशियार लक्ष्य की प्रतिभा देख परिजनों ने उनका दाखिला शहर के सेंट बेसिल्स स्कूल में करा दिया। यहां से उन्होंने 10 वीं में 97 प्रतिशत अंक प्राप्त कर 12वीं व नीट की तैयारी के लिए दिल्ली चले गए। कठिन संघर्ष के बाद उन्हें 5552 कैटेगरी रैंक के साथ नीट की परीक्षा में अपना परचम लहराया। परीक्षा में सफलता हासिल करने वालों की शार्टलिस्ट जारी कर 1800 छात्रों को एएफएमसी ने स्क्रीनिंग का अवसर दिया। इसमें आर्म्ड फोर्स मेडिकल काॅलेज (एएफएमसी) द्वारा आयोजित लिखित परीक्षा व साक्षात्कार के साथ ही फिटनेस में भी वह अव्वल रहे।
उन्होंने देश के 145 छात्रों की सूची में स्थान ग्रहण कर जनपद को गौरवान्वित होने का मौका दिया। अब वह पूणे से डाॅक्टरी की पढ़ाई के साथ लेफ्टिनेंट व एक साल की इंटर्नशिप के बाद कैप्टन की रैंक प्राप्त करेंगे। उनके चयन पर पिता विपेंद्र सिंह, माता मंजू सिंह, हर्रैया विधायक अजय सिंह, डॉ. सत्येंद्र मणि ओझा, डाॅ.आरके त्रिपाठी, डाॅ. रमेश चंद्रा आदि ने खुशी जाहिर की है।