संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। दशहरा की शाम शनिवार को परंपरागत ज्योति यात्रा जब सज धज कर निकली तो अद्भुत, अलौकिक दृश्य देख शहर भी इतराने लगा। यात्रा ज्यों- ज्यों आगे बढ़ी विविधता में एकता की छटा बिखरने लगी। मथुरा, पंजाब, राजस्थान के मंझे कलाकारों ने अपनी सधी प्रस्तुति से हर किसी को वशीभूत बना लिया।
श्रद्धालु अपने आप उमड़ते चले आए। सड़क, छत, दुकान, मकान के दालान सब दर्शकों से भर गए। भाव विह्वल करने वाली ज्योति यात्रा को निहारने के लिए लोग जहां- तहां ठहरे ही रह गए। इस दौरान मुख्यमंत्री के निर्देशन में महिला सशक्तीकरण फेज- 5 के तहत कार्यक्रम संयोजक कमलसेन ने उपस्थित भीड़ को नारी सुरक्षा की शपथ दिलाई। इसके बाद मां भगवती की आरती हुई। शनिवार की शाम 6:00 बजे से ज्योति यात्रा की शुरूआत कंपनीबाग से हुई। विभिन्न तरह के रथ, झांकी, जगमग रोशनी के बीच बड़ी संख्या में श्रद्धालु यात्रा में शामिल हुए।
उनके साथ आयोजन समिति से जुड़े एवं हिंदूवादी संगठनों के लोग भगवा पोशाक में चल रहे थे।
यात्रा को भव्यता मिलने में देर नहीं लगी। वाराणसी के विद्वान दिनेश त्रिपाठी महाराज की टीम गंगा आरती का अद्भुत मंचन किया। काशी जैसी छठा बिखरने लगी। यात्रा को निहारने के लिए भीड़ उमड़ पड़ी।