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Basti News: कैसे हो बाल विकास...जब समय से नहीं खुलते आंगनबाड़ी केंद्र

Sun, 12 May 2024 01:37 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
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पंजीकृत बच्चों के सापेक्ष केंद्रों पर उपस्थित मिले नाम-मात्र बच्चे
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माह में सिर्फ पुष्टाहार वितरण वाले दिन खुलते हैं तमाम केंद्र
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। नौनिहालों की देखभाल और उनके पोषण का दायित्व बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग की है। जिले के कई ऐसे आंगनबाड़ी केंद्र हैं, जो माह में सिर्फ पुष्टाहार वितरण वाले दिन खुलते हैं। क्योंकि इन्हें खोलने के लिए आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका कभी-कभार आती हैं। इसका असर महिलाओं और बच्चों की सेहत पर पड़ रहा है।
जिले में ढाई हजार से अधिक आंगनबाड़ी केंद्र हैं। यह केंद्र खुद के भवन के साथ ही परिषदीय विद्यालय, पंचायत भवन अथवा सामुदायिक भवनों में संचालित हो रहे हैं। इसमें छह माह से तीन वर्ष तक व तीन से छह वर्ष तक के बच्चों का पंजीकरण होता है।
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विभाग का उद्देश्य बच्चों को बेहतर स्वास्थ्य देते हुए गांव को कुपोषण मुक्त बनाना है। लेकिन, इस मुहिम पर लापरवाही का ग्रहण लगा हुआ है। केंद्र निर्धारित समय पर न खुलते हैं और न ही बंद होते हैं। ऐसे में केंद्र पर पंजीकरण बच्चों को न तो प्री-प्राइमरी की शिक्षा मिल पा रही है और न ही योजनाओं का लाभ। यह स्थिति तब है जब निगरानी के लिए सुपरवाइजर व सीडीपीओ की तैनात है।
बनकटी प्रतिनिधि के अनुसार, ब्लॉक क्षेत्र में 165 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हो रहे हैं। शनिवार को सुबह 10:30 बजे देईसाड़ आंगनबाड़ी केंद्र बंद मिला। जबकि घुघसा में सहायिका मौजूद मिलीं, लेकिन केंद्र पर कोई बच्चा नहीं मिला। बताया कि बच्चे घर चले गए। पसड़ा केंद्र पर कार्यकर्ता व सहायिका मिलीं। उन्होंने बताया कि केंद्र पर 65 बच्चे पंजीकृत हैं। आज 10 बच्चे ही आए हैं।
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सल्टौआ ब्लॉक में अधिकांश मिले बंद
शनिवार को आंगनबाड़ी केंद्रों की स्थिति जानने की कोशिश की गई तो सल्टौआ ब्लॉक क्षेत्र के अधिकतर आंगनबाड़ी केंद्र बंद मिले। आंगनबाड़ी केंद्र पिटाउट पर ताला लटकता मिला। तेलियाडीहा केंद्र परिषदीय विद्यालय के एक जर्जर कमरे में संचालित किया जा रहा है। केंद्र पर 35 बच्चे पंजीकृत हैं। मौके पर महज 5 ही उपस्थित पाए गए। यहां पर तैनात आंगनबाड़ी कार्यकर्ता विमला ने बताया कि आज बच्चे कम आए हैं।

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कोट
आंगनबाड़ी केंद्रों को नियमित व समय से खोलने के निर्देश दिए गए हैं। यदि कोई केंद्र बंद है तो संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी।
-श्रीप्रकाश पांडेय, प्रभारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी
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