मखौड़ाधाम में कथा सुनाते कथा व्यास पवन कुमार दास शास्त्री।
परशुरामपुर। चर-अचर सभी में रमण करने की जिनमें शक्ति है वह भगवान श्रीराम ही हैं। ऐसे में प्रभु श्रीराम के जन्म पर अचर भी सचर की तरह हर्षित हुए। देवताओं ने स्तुति और पुष्पों की वर्षा की।
यह उद्गार महंत पवन कुमार दास शास्त्री ने व्यक्त किया। वह बुधवार को मखौड़ा धाम में चल रही श्रीराम महायज्ञ कथा के चौथे दिन श्रद्धालुओं को कथा का अमृतपान करा रहे थे। मखौड़ा धाम के महंत बिंदु गद्याचार्य देवेंद्र प्रसादाचार्य ने कथा का वर्णन करते हुए कहा कि भगवान श्री राम जगत के स्वामी हैं। हनुमान जी महाराज भगवान श्रीराम के सबसे प्रिय सेवक हैं। जो भक्त हनुमान जी की सेवा करते हैं, उस सेवा से श्रीराम जी अत्यधिक प्रसन्न होते हैं। इस मौके पर कार्यक्रम के आयोजक सूर्य नारायण दास वैदिक के अलावा अयोध्या के संत रामशरण रामायणी, राम शंकर दास रामायणी, महंत रामदास, सनकादिक आश्रम के मुनेश्वर दास, राम रतन दास, विष्णु देवाचार्य, उपेंद्र पांडेय, राजाराम दास आदि मौजूद रहे।