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Basti News: कॅरियर की राह में जालसाजों ने बिछा रखा रोड़े, रहें सावधान

Mon, 02 Oct 2023 12:56 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
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नौकरी व रोजगार परक कोर्स कराने के नाम पर हो रही ठगी
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हाल में ही सामने आया फर्जी पैरा मेडिकल काॅलेज का मामला
नौकरी के नाम पर ठगी के अक्सर दर्ज हो रहे केस
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। बेरोजगार युवाओं के लिए कॅरियर की राह में जालसाजों ने रोड़ा बिछा रखा है। संभालकर नहीं चले तो घर की पूंजी और बहुमूल्य समय दोनों बर्बाद होते देर नहीं लगेगी। कॅरियर बनाने के फेर में बेरोजगार कभी फर्जी पैरा मेडिकल काॅलेज जैसे संस्थानों के चक्कर में फंस जा रहा है तो कई नौकरी के चक्कर में घर के रुपये गंवा रहे हैं। हाल के कुछ महीनों में ऐसे दर्जनों उदाहरण सामने आए हैं जिनमें बेरोजगारों को नौकरी के लिए रुपये लेने वालों और फर्जी मार्कशीट देने वाले काॅलेजों पर केस दर्ज कराना पड़ा। वहां से पढ़े छात्र-छात्राएं जब रोजगार के लिए आवेदन करते हैं तो मार्कशीट फर्जी निकलती है।
जानकारों का कहना है कि छात्र-छात्राओं को किसी भी संस्थान में प्रवेश लेने से पहले उसकी मान्यता वगैरह की जांच कर लेनी चाहिए। साथ ही नौकरी के लिए किसी पर भरोसा न करें। हाल ही में शहर में कई फर्जी पैरा मेडिकल काॅलेज का भांडाफोड़ हुआ था जिसमें पढ़ने वाले 400 से अधिक छात्र-छात्राओं का भविष्य अधर में फंस गया है। आरोप है कि इन काॅलेजों में एएनएम, जीएनएम जैसे कॅरियर ओरिएंटेड कोर्स कराने का झांसा दिया गया था।
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इसके एवज में विद्यार्थियों और अभिभावकों से 70 हजार से एक लाख रुपये तक की वसूली की गई थी। उसकी परीक्षा भी कराई गई, मगर मार्कशीट फर्जी थमा दी गई। इस मामले में तीन काॅलेज संचालित करने वाले और उससे जुड़े 11 आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं। एसआईटी की जांच में पाया गया कि उन लोगों ने ओडिशा, बंगलुरु, बरेली आदि यूनिवर्सिटी से फर्जी संबद्धता दिखाकर विद्यार्थियों को कोर्स कराने का झांसा देते हैं।
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अक्सर सामने आ रहे नौकरी के नाम पर ठगी के मामले
नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी के मामले अक्सर सामने आ रहे हैं। हाल में ही लखनऊ नगर निगम में नौकरी लगवाने के बहाने बेरोजगारों से 40 लाख रुपये ठग लेने के आरोपी विजय कुमार को वाल्टरगंज पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उसने अपने गिरोह के साथ मिलकर आठ बेरोजगारों से छह से आठ हजार रुपये तक प्रति व्यक्ति लिए थे। इससे पहले वाल्टरगंज पुलिस ने गनेशपुर टोला बेलवा जोर निवासी सुजीत कुमार पर केस दर्ज किया था। उस पर जिला अस्पताल में सहायक कंप्यूटर ऑपरेटर के पद पर नौकरी दिलाने के लिए 88 हजार रुपये लेने का आरोप है।
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केस-एक
- ऑनलाइन जॉब दिलाने के नाम पर लड़की से 7.30 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। गौर पुलिस ने केस दर्ज किया है। बभनान के महागौरी नगर निवासी वंशिका जायसवाल ने बताया कि एक अज्ञात व्हाट्सएप ग्रुप और टेलीग्राम ग्रुप के जरिये सुहानी शर्मा व संजय शर्मा ने फीमेल जॉब दिलाने का झांसा दिया। दोनों ने सात लाख 30 हजार रुपये अपने खाते में मंगवा लिए, जिसके बाद ग्रुप बंद कर दिया।
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केस-दो
पैकोलिया पुलिस ने 31 अगस्त को एक ऐसे शातिर को गिरफ्तार किया था, जो खुद को सचिवालय का अधिकारी बताकर ग्राम प्रधानों को झांसे में लेता था। उन्हें भरोसा दिलाता था कि वह बाल विकास विभाग में नौकरी लगवा देगा। इसके बदले वह यूपीआई से एक लाख रुपये मंगवाता था।
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कोट
रोजगार परक कोर्स कराने या नौकरी दिलाने के लिए युवाओं को झांसा देने वालों की कमी नहीं है। इसलिए किसी पर भी आंख मूंदकर विश्वास करना खतरे से खाली नहीं है। किसी संस्थान में प्रवेश लेना हो या नौकरी दिलाने का सवाल हो, अच्छी तरह से जांच-पड़ताल कर लेना जरूरी है। अगर कोई गलती से किसी के जाल में फंस जाए तो उसे पुलिस से शिकायत करनी चाहिए।
आरके भारद्वाज, आईजी
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कोई नौकरी का झांसा दे तो हो जाएं सावधान

- सरकारी विभाग में नौकरी दिलवाने के झांसे में न आएं।

- ऐसा वादा करने वाले के बारे में ठीक तरीके से पता करें।

- जान लें कि बिना परीक्षा, साक्षात्कार के कहीं नहीं नौकरी नहीं मिलती।

- रिश्तेदार या मित्रों की बातों पर भी आंख मूंदकर न करें भरोसा।

- किसी को इसके लिए रुपये दें तो उसका लिखित प्रमाण जरूर रखें।

- कोई झांसा देकर रुपये मांगे तो पुलिस से बिना संकोच शिकायत करें।
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