पांचों सड़क का सर्वे कर पीडब्ल्यूडी ने छह माह पहले भेजा था 13.90 करोड़ का आगणन
निर्माण की मंजूरी तो दूर अब तक हस्तांतरित नहीं हो सकी सड़कें
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। नगर पालिका क्षेत्र की जर्जर सड़कों पर शासन की मेहरबानी के 6 माह बाद भी इंतजार है। क्योंकि शहरी क्षेत्र की पांच सड़कों का सर्वे पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड ने किया है। इसके निर्माण के लिए शासन को प्रस्ताव व सर्वे रिपोर्ट भेजी गई है। शहर की इन सड़कों की सर्वे में कुल लंबाई 12.350 किमी तय हुई है। इस पर करीब 13.90 करोड़ रुपये खर्च का आगणन शासन को भेजा गया। इन सड़कों के आगणन पर मंजूरी तो दूर, अब तक शासन ने इन सड़कों का हस्तांतरण तक पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड को नहीं किया है।
करीब छह माह पहले नगर पालिका की जर्जर हो चुकीं सड़कों की मरम्मत कराने के निर्देश तत्कालीन डीएम प्रियंका निरंजन ने दिए थे। नगर पालिका ने जब इन सड़कों का सर्वे कराया तो करीब 20 करोड़ रुपये का खर्च का अनुमान लगा। इतना धन पालिका के पास नहीं था। ऐसे में प्रशासन ने शहर के नौ मुख्य मार्गों को पीडब्ल्यूडी के हवाले करने का प्रस्ताव पालिका के सामने रखा।
इसके बाद पालिका की सहमति से इसे पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड को हस्तांतरित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई। शासन की मंजूरी के लिए इस प्रस्ताव काे भेजा गया। मगर, शासन में यह फाइल लटक गई। तमाम प्रयास के बाद जुलाई 2023 में भेजी गई सूची में से पांच प्रमुख सड़कों का सर्वे कराकर उसे व्यवस्थित करने के निर्देश दिए गए। इसके बाद पीडब्ल्यूडी ने इसका सर्वे कराया। मगर, अब तक इस मामले में फाइल शासन में ही अटकी है।
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ये सड़कें होनी है हस्तांतरित
-आचार्य रामचंद्र शुक्ल तिराहा से डीएम आवास से भुअर जेल रोड होते हुए कंपनी बाग चौराहे तक 2 किमी 1.95 करोड़।
- बस्ती-कांटे मार्ग के रोडवेज तिराहे से दक्षिण दरवाजा होते हुए रेलवे स्टेशन से शुगर मिल मार्ग तक साढ़े तीन किमी 5.40 करोड़।
-बड़ेवन-कंपनीबाग मार्ग से सुभाष चौक से बस्ती-कांटे मार्ग नेहरू तिराहे तक मालवीय रोड-2.90 किमी 4.55 करोड़़।
- बस्ती-कांटे मार्ग अस्पताल चौराहा से दक्षिण दरवाजा, मंगल बाजार, करुआ बाबा तिराहा, पांडेय बाजार चौराहा होते हुए बांसी मार्ग पर नगर पालिका सीमा तक 3 किमी- 1.18 करोड़।
- पुलिस लाइंस से डाकबंगला होते हुए कबीर तिराहा तक एक किमी- 82 लाख रुपये।
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कोट
शासन को सड़क निर्माण के लिए सर्वे कराकर आगणन भेजा गया है। हस्तांतरण की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन कब तक यह सड़क पीडब्ल्यूडी को हस्तांतरित होंगी कुछ कहा नहीं जा सकता है। जैसे ही स्वीकृति मिलेगी नियमानुसार निर्माण की कार्रवाई शुरू हो जाएगी।
-अवधेश कुमार, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड