गौर/बस्ती। गौर थानाक्षेत्र के बिरऊपुर में दरिंदगी की शिकार होकर जान गंवाने वाली किशोरी के पिता ने बुधवार को प्रदेश के डीजीपी से मुलाकात की। उन्हें प्रार्थनापत्र देकर इस प्रकरण में अब तक की गई जांच की पूरी रिपोर्ट मंगाकर उसकी समीक्षा करने की मांग की। आरोप लगाया है कि घटना के आरोपी कुंदन सिंह के घर में भारी मात्रा में अवैध शराब मिली थी। जिसे गौर पुलिस ने नजरअंदाज कर दिया। बाद में विवेचना स्थानांतरित होने के बाद आबकारी एक्ट का केस तो दर्ज किया गया लेकिन अवैध शराब के धंधे के संबंध में गहराई से कार्रवाई नहीं की गई। प्रार्थनापत्र में कहा गया है कि आरोपी कुंदन सिंह पुलिस के संरक्षण में गिरोह बनाकर अवैध शराब का धंधा करता रहा। मगर उस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।
बता दें कि दरिंदगी के केस की 14 जून को तफ्तीश के क्रम में घटनास्थल का निरीक्षण करने पहुंचे विवेचक रामेश्वर यादव ने आरोपी कुंदन सिंह के मकान के एक कमरे में 225 पाउच देशी शराब बंटी बबली व 42 पाउच अंग्रेजी शराब गत्ते में बरामद किया था। इस संबंध में गौर थाने में अलग से केस दर्ज किया गया था। परिवार वालों की मांग है कि इस केस की गहराई से तफ्तीश करके अवैध शराब के धंधे से जुड़े लोगों पर भी कार्रवाई की जाए।
पहले नजरअंदाज कर रही थी पुलिस
- पांच जून की घटना के बाद अधिकारियों के निरीक्षण के दौरान ही भारी मात्रा में शराब पाई गई थी। मगर उस समय किसी ने उसे संज्ञान नहीं लिया। इसे लेकर भी गौर पुलिस की किरकिरी हुई थी। बाद में किशोरी के परिवार के लोगों ने आरोप लगाया था कि कुंदन सिंह अवैध शराब के धंधे में लिप्त है। उसके घर में भारी मात्रा में शराब मिली थी लेकिन गौर पुलिस ने नजरअंदाज कर दिया। इस आरोप के बाद जब तफ्तीश परशुरामपुर थाने के एसएचओ रामेश्वर यादव को तफ्तीश सौंपी गई तो शराब की बरामदगी हो पाई।
यह था मामला
- पांच जून को घर से सब्जी लाने निकली गौर थानाक्षेत्र की 14 वर्षीय किशोरी का एक किलोमीटर दूर बिरऊपुर के पास खून से लथपथ शव मिला था। जांच में बताया गया कि कुंदन सिंह के मकान में उसके साथ सामूहिक दरिंदगी की गई। इस मामले में मृतका के परिवार वालों की तहरीर पर पुलिस ने कुंदन सिंह, राजन निषाद व एक अन्य नाबालिग आरोपी के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया था। किशोरी के शव का पोस्टमार्टम कराने पर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म की पुष्टि होने के बाद पॉक्सो व सामूहिक दुष्कर्म की धारा भी केस में बढ़ाई गई। घटना के 24 घंटे के भीतर नाबालिग आरोपी और राजन निषाद को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। तीसरे आरोपी कुंदन सिंह को तीसरे दिन गिरफ्तार किया जा सका।