39 पीएचसी में से दस में चिकित्सक नहीं
बस्ती। ग्रामीणों की स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने की दिशा में सरकार पूरी ताकत से लगी है, मगर चिकित्सकों की कमी से मंशा पर पानी फिर रहा है। जिले के 39 पीएचसी में से दस पर चिकित्सक ही नहीं है। ऐसे में इन अस्पतालों की व्यवस्था फार्मासिस्ट के भरोस चल रही है। यहां चिकित्सकों का इंतजार है।
शासन ने बीस हजार की आबादी पर एक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोल रखा है। वह इस नाते कि गांव तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचे। सभी केंद्रों पर एमबीबीएस चिकित्सक की तैनाती की योजना भी है, मगर यहां नियतन 146 के सापेक्ष मात्र 110 चिकित्सकों की उपलब्धता के चलते सरकार की मंशा पूरी नहीं हो पा रही है।
जिले के हलुआ, बभनान, परसा कुतुब, सगरा, टिनिच, ओडवारा सहित दस पीएचसी चिकित्सक विहीन हैं। ऐसे में इनका समय से खुलना भी नहीं हो पा रहा है। अस्पताल पर आने वाले मरीजों की चिकित्सा फार्मासिस्ट के हवाले है। हालांकि यहां मरीजों को सामान्य बुखार आदि की स्थिति में दवा दे दिया जाता है, मगर गंभीर बीमारों के इलाज के लिए कोई व्यवस्था नहीं है।
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बोले, प्रभारी सीएमओ
प्रभारी सीएमओ डॉ. जय सिंह ने कहा कि डीएम का निर्देश है कि सभी पीएचसी पर चिकित्सक तैनात कर दिए जाएं। इसकी व्यवस्था बनाई जा रही है। इसके लिए जिन अस्पतालों पर चिकित्सक अधिक हैं वहां से पीएचसी पर भेजे जाएंगे। गांव तक चिकित्सा सेवा पहुंचे, इसकी व्यवस्था बनाई जा रही है।