संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। डेंगू का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। सिर्फ मेडिकल कॉलेज में ही अब तक 10 मरीज मिल चुके हैं। इसके अलावा निजी अस्पतालों में भी डेंगू के मरीजों का इलाज चल रहा है। डाॅक्टरों का कहना है कि इस बार डेंगू में प्लेटलेट्स घटने के साथ ही हृदय की पंपिंग पर भी असर देखा जा रहा है। इससे हॉर्ट अटैक के खतरे बढ़ रहे हैं। हालांकि, यहां किसी मरीज का अभी हॉर्ट अटैक का केस सामने नहीं आया है।
मेडिकल कॉलेज में डेंगू के मरीजों की संख्या में इजाफा हो रा है। बच्चे और बुजुर्ग तेजी से डेंगू की चपेट में आ रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि तापमान में आए बदलाव के कारण संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ा है। मेडिकल कॉलेज में अलग से दो डेंगू वार्ड बनाए गए हैं। पुरुष वार्ड में पांच और महिला वार्ड में पांच डेंगू के मरीजों को भर्ती हैं। मरीजों के मच्छरदानी की व्यवस्था की गई है।
मेडिसिन विभाग के इंचार्ज डॉ. बीएल कन्नौजिया ने बताया कि बरसात के बाद ओपीडी में वायरल बुखार और डेंगू से पीड़ित होकर मरीज आ रहे हैं। इलाज के साथ तरल पदार्थ के अलावा पपीता, कीवी आदि फल के सेवन की सलाह दी जा रही है। शुरुआती लक्षण में मरीजों को जोड़ों में तेज दर्द, आंखों के पास तेज दर्द, पेट दर्द और भूख नहीं लगने की समस्या आ रही है। पिछले साल अस्पताल में डेंगू के दो गंभीर मरीजों को पेट और फेफड़े में पानी आ जाने की शिकायत पर भर्ती किया गया था। इस साल भी उसी तरह के दो मरीजों को भर्ती कराया गया था। दोनों स्वस्थ होकर घर जा चुके हैं।
जिला अस्पताल में नहीं हैं डेंगू के एक भी मरीज : जिला अस्पताल में भी डेंगू से निपटने की तैयारी कर ली गई है। हृदय रोग विभाग में डेंगू के मरीजों के लिए 10 बेड का वार्ड बनाया गया है। डेंगू विभाग इंचार्ज ललिता ने बताया कि अभी उनके यहां डेंगू के मरीज भर्ती नहीं हैं। दवाएं पर्याप्त मात्रा उपलब्ध है।